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Haryana

माता मनसा देवी के मंदिर में मांगी हुई होती है हर मन्नत पूरी

सत्यखबर, निसिंग (साेहन पाैडिया) कस्बे के करनाल कैथल रोड़ स्थित 111 फुट ऊंचा पंचमुखी माता मनसा देवी का विशाल मंदिर है। जो श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र बिंदू है। क्षेत्र में माता मनसा देवी का महज एक ही मंदिर है। जहां भक्तों के द्वारा मांगी गई हर मन्नते पूरी होती है। प्रथम नवरात्र से चौदस तक […]

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सत्यखबर, निसिंग (साेहन पाैडिया)

कस्बे के करनाल कैथल रोड़ स्थित 111 फुट ऊंचा पंचमुखी माता मनसा देवी का विशाल मंदिर है। जो श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र बिंदू है। क्षेत्र में माता मनसा देवी का महज एक ही मंदिर है। जहां भक्तों के द्वारा मांगी गई हर मन्नते पूरी होती है। प्रथम नवरात्र से चौदस तक मंदिर मेें दर्शन कर माथा टेकने वाले श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ती है। कैथल रोड़ पर श्रद्धालु रोडी साहिब गुरूद्वारा चौंक पर उतरकर सामने बने मंदिर में पहुंच सकते है। जबकि बस स्टैंड से कैथल रोड़ पर आधा किलोमीटर दूर पश्चिम में पैदल हीे पहुंचा जा सकता है।
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हरिद्वार से लाए थे माता की प्रचंड ज्योति
विक्रमी संवत 2014 की चैत्र शुदी अष्टमी को माता मनसा देवी के मंदिर की स्थापना की गई थी। माता मनसा देवी की मूर्ति को राजस्थान से लाया गया था। इससे पहले यहां नीमसार तीर्थ व स्वयं भू का मंदिर था। ग्रामीणों के अनुसार गांव में माता का मंदिर नही होने के कारण ग्रामीणों ने माता के मंदिर की इच्छा जताई थी। महंत बाबा मोती गिरी जी की देखरेख में ग्रामीणों के सहयोग सेे हरिद्वार स्थित मनसा देवी की प्रचंड ज्योत लाकर लाला देवाराम ने मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा करवाई। क्षेत्र के दर्जनों गांवों के लोग मंदिर में आस्था जताते है।
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मंदिर कमेटी प्रधान रोशन लाल गोयल का कहना है कि कमेटी की ओर से मंदिर में लगे सीसीटीवी कैमरे सभी गतिविधियों पर नजर रखते है। श्रद्धालुओं की सुविधा हेतु मंदिर में सभी व्यापक प्रबंध किए गए है। अश्विन व चैत्र मास की शुक्ला पक्ष की प्रतिप्रदा से चौदस तक मंदिर में माता का भंडारा चलाया जाता है।
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मंदिर के पुजारी दिव्य प्रसाद शास्त्री का कहना था कि माता के दरबार में सच्चे दिल से मांगी गई हर मन्नत पूरी होती है। नवरात्र में भक्तों पर मां की असीम कृपा बरसती है। क्षेत्र व दूर दराज के लोग मन्नते पूरी होने पर मंदिर में नारियल चुनरीे व प्रसाद चढ़ाने आते है। नवरात्र में मंदिर में नित्य दुर्गा सप्तशतीे के पाठ आयोजित किए जाते है। प्रतिदिन कतारों में लगकर श्रद्धालु मां के दर्शन करते है।