Connect with us

Chandigarh

हरियाणा के युवाओं के लिए अच्छी खबर, 75 प्रतिशत आरक्षण की अधिसूचना हुई जारी

Published

on

सत्यखबर, चण्डीगढ़

 हरियाणा के युवाओं के लिए बड़ी खुशखबरी है। अब यहां प्राइवेट सेक्टर की नौकरियों में राज्य के युवाओं को 75 प्रतिशत आरक्षण मिलेगा। विधानसभा में यह बिल पास होने के 4 महीने बाद राज्यपाल सत्यदेव नारायण आर्य ने इसे मंजूरी दे दी। वहीं गुरूवार को राज्य सरकार ने अधिसूचना जारी कर दी है। अब यह कानून बन गया है और अगली भर्तियों में उन्हें इसका लाभ मिलेगा। हरियाणा के उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने यह जानकारी दी।

ये भी पढ़े… यूपी में बड़ा सडक़ हादसा, 17 मरे, दर्जनों घायल,जानिए पूरा हादसा

चौटाला ने बताया कि राज्य विधानसभा ने पिछले साल नवंबर में इस विधेयक को पारित किया था। इसके बाद विधेयक को गवर्नर के पास मंजूरी के लिए भेजा गया था। अब गवर्नर की मंजूरी मिल जाने से प्रदेश में हर कंपनी, सोसाइटी, ट्रस्ट में युवाओं को नौकरियों में 3 चौथाई आरक्षण का लाभ मिलेगा।
राज्य में कई बड़ी और छोटी इंडस्ट्रियल यूनिट लगी हुई हैं। हरियाणा में कार, ट्रैक्टर, बाइक, साइकिल समेत कई उपकरण बनते हैं। हरियाणा देशभर में इनका सबसे बड़ा उत्पादक राज्य है। दुनियाभर में बासमती चावल का सबसे बड़ा निर्यातक हरियाणा है। पंचरंगा अचार के अलावा पानीपत में हथकरघे से बनी चीजें और कालीन विश्व भर में प्रसिद्ध हैं। बड़े पैमाने पर इन्हें एक्सपोर्ट किया जाता है। हरियाणा की सबसे बड़ी इंडस्ट्रियल सिटी गुरुग्राम है। यहां कई प्राइवेट कंपनियों के हेड ऑफिस हैं।
हरियाणा स्टेट एम्प्लॉयमेंट ऑफ लोकल कैंडिडेट बिल 2020 के मुताबिक प्राइवेट सेक्टर में 50 हजार रुपए से कम सैलरी वाली नौकरियों में ही यह आरक्षण लागू होगा। जिस जिले में कंपनी स्थापित है उस जिले के केवल 10 प्रतिशत युवाओं को ही नौकरी में आरक्षण मिलेगा। बाकी 65 प्रतिशत आरक्षण प्रदेश के दूसरे जिलों के युवाओं को दिया जाएगा।

शुरुआत में यह आरक्षण 10 साल के लिए लागू होगा। इसके मुताबिक प्राइवेट कंपनी, सोसायटी, ट्रस्ट और पार्टनरशिप फ र्में इसके दायरे में आएंगी। यदि स्थानीय स्तर पर प्रशिक्षित उम्मीदवार नहीं मिलेंगे तो स्थानीय युवाओं को ट्रेनिंग देकर नौकरी के लायक बनाया जाएगा।
बता दें कि हरियाणा विधानसभा में उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने यह बिल पेश किया था। यह मुद्दा उनकी पार्टी का चुनावी वादा भी था। इस समय हरियाणा विधानसभा के इस बिल के मुताबिक राज्य के स्थायी निवासी को ही आरक्षण का लाभ मिलेगा। हरियाणा में जन्मे या बीते 15 सालों से निवास कर रहे युवाओं को स्थायी निवासी माना जाएगा।

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *