भारत सरकार ने एक अहम फैसला लेते हुए Padma Awards के नामांकन की अंतिम तारीख 31 जुलाई 2025 से बढ़ाकर अब 15 अगस्त 2025 कर दी है। यह फैसला उन लोगों के लिए राहतभरा है जो किसी असाधारण व्यक्ति के योगदान को सम्मानित कराना चाहते थे लेकिन समय पर नामांकन नहीं कर पाए थे। इस फैसले से लाखों लोगों को और दो हफ्ते का अतिरिक्त समय मिल गया है ताकि वे सही तरीके से नामांकन प्रक्रिया पूरी कर सकें।
केवल ऑनलाइन पोर्टल से होगा नामांकन
पद्म पुरस्कारों के लिए नामांकन अब केवल राष्ट्रीय पुरस्कार पोर्टल पर ही स्वीकार किए जा रहे हैं। इच्छुक लोग https://awards.gov.in वेबसाइट पर जाकर अपने नामांकन या सिफारिश जमा कर सकते हैं। यह पूरी प्रक्रिया डिजिटल माध्यम से की जा रही है जिससे पारदर्शिता बनी रहे और हर नागरिक को बराबर का मौका मिले। यह पोर्टल उपयोग में सरल है और इसमें जरूरी दिशा-निर्देश भी दिए गए हैं।

किन क्षेत्रों में दिए जाते हैं पद्म पुरस्कार
पद्म पुरस्कार भारत सरकार द्वारा दिए जाने वाले देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मानों में शामिल हैं। यह पुरस्कार कला शिक्षा उद्योग साहित्य विज्ञान खेल चिकित्सा समाज सेवा और सार्वजनिक मामलों जैसे क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वालों को दिया जाता है। हर साल गणतंत्र दिवस पर यह पुरस्कार घोषित किए जाते हैं और राष्ट्रपति द्वारा भव्य समारोह में इन्हें प्रदान किया जाता है।
कोई भी कर सकता है नामांकन
सबसे खास बात यह है कि पद्म पुरस्कार के लिए कोई भी व्यक्ति किसी को नामांकित कर सकता है। इसके लिए नामांकित व्यक्ति की जाति धर्म लिंग या राष्ट्रीयता कोई मायने नहीं रखती। नामांकन के लिए उस व्यक्ति के योगदान का विवरण देना होता है साथ ही यह भी बताना होता है कि वह क्यों इस सम्मान का हकदार है। यह पहल भारत सरकार की ‘जनभागीदारी’ की सोच को दर्शाती है।
पहचानें छिपे हुए रत्नों को
पद्म पुरस्कार केवल प्रसिद्ध हस्तियों तक सीमित नहीं हैं बल्कि सरकार की कोशिश रहती है कि समाज में चुपचाप क्रांतिकारी काम करने वाले अनसुने और अनदेखे हीरे भी सम्मानित हों। ऐसे लोगों को सामने लाने के लिए आम नागरिकों की भूमिका बेहद अहम है। यदि आपके आसपास कोई ऐसा व्यक्ति है जिसने समाज के लिए अविस्मरणीय कार्य किया है तो अब आपके पास उसे पहचान दिलाने का सुनहरा मौका है।


