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Bhiwani

नकलचियों की बोर्ड मुख्यालय में आज से पेशी शुरू, 4955 नकलची लेंगे भाग

कइयों ने अपने बच्चों को कोसा तो कई बोर्ड पर फोड़ा गलती का ठीकरा सत्यखबर, भिवानी (अमन शर्मा) – हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड की परीक्षाओं में नकल करने में संलिप्त पाए गए नकलचियों की बोर्ड मुख्यालय में आज से पेशी शुरू हो गइ्र। चार दिन तक चलने वाली इस पेशी में प्रदेश भर से 4955 […]

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कइयों ने अपने बच्चों को कोसा तो कई बोर्ड पर फोड़ा गलती का ठीकरा

सत्यखबर, भिवानी (अमन शर्मा) – हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड की परीक्षाओं में नकल करने में संलिप्त पाए गए नकलचियों की बोर्ड मुख्यालय में आज से पेशी शुरू हो गइ्र। चार दिन तक चलने वाली इस पेशी में प्रदेश भर से 4955 नकलची भाग लेंगे। पहले दिन पेशी पर पहुंचे बच्चों के साथ अभिभावकों की भीड़ उमड़ी व अब हो रही परेशानियों के लिए कइयों ने अपने बच्चों को कोसा तो कई बोर्ड पर गलती का ठीकरा फोड़ते दिखे।

छुट्टी के बावजूद हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड में उमड़ी ये भीड़ परीक्षा देने या परीक्षा के रोलनंबर लेने के लिए नहीं उमड़ी बल्कि ये भीड़ उन नकलचियों की है जिनमें से अधिकांश ने बोर्ड परीक्षाओं के दौरान जमकर उत्पात मचाया था। उन्होंने बोर्ड की परीक्षाओं के दौरान जमकर नकल भी की व अब बोर्ड की कार्यप्रणाली पर सवाल भी खड़े कर रहे हैं। अधिकांश विद्याथ्रियों व उनके अभिभावकों का कहना है कि जबरन नकल के केस बनाए गए।

बच्चों को लाख समझाया पर नहीं माने नकल किए बिना
भीड़ में पहुंचे कई अभिभावकों ने तो अपने लाड़लों व लाड़लियों को ही कोसा कि बार बार मना करने के बावजूद उन्होंने नकल का सहारा लिया व अब खुद भी परेशान हो रहे हैं व दूसरों को भी परेशान कर रहे हैं। उनका कहना था कि उन्हें लगातार पढ़ाई के लिए कहा गया मगर पढ़ाई की बजाय नकल पर ही वे आश्रित रहे। सोनीपत के गांव जागसी से आई एक विधवा महिला का कहना था कि उसे पढ़ाई नहीं आती पर उसने बार बार अपने बेटे को पढऩे के लिए कहा मगर वो नहीं पढ़ा व नकल की जिस कारण पकड़ा गया। अब वो अपने बेटे के साथ कोसों दूर आकर परेशानी झेलने पर मजबूर है।

बिना नकल के ही बना दिए केस
तो सोनीपत के ही गांव सिसाना से आए अस्सी वर्षीय बुजुर्ग का कहना था कि उसके नाती ने नकल भी नहीं की व बोर्ड ने केस बना दिया। रोहतक से आए एक शख्स का कहना था कि नकल के कारण आज उन्हें खामियाजा भुगतना पड़ रहा है। वहीं कई अन्य अभिभावकों का कहना था कि बोर्ड के उउऩदस्ते ने बिना देखे ही केस बना दिए। गुडग़ांव से आई छात्रा अनिता का कुछ ऐसा ही कहना था। कई अभिभावकों का कहना था कि बोर्ड चाहता तो जिला मुख्यालयों पर भी सुनवाई करवा सकता था मगर उन्हें जानबूझकर परेशान किया जा रहा है।

उधर बोर्ड सचिव धीरेन्द्र का कहना था कि नकल के मामलों की आज से सुनवाई शुरू हो रही है जो कि चार दिन तक चलेगी। उनका कहना था कि कुल 4955 केस इस बार नकल के बने थे जिनमें से आज 1197 की सुनवाई हो रही है। उनका कहना था कि दंडात्मक कार्रवाई बोर्ड के द्वारा अमल में लाई गई है व इसीलिए बोर्ड मुख्यालय पर तीन-तीन सदस्यों वाली 15 कमेटियों के द्वारा सुनवाई की जा रही है। दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी तो निर्दोषों को छोउ़ दिया जाएगा। उन्होंने अभिभावकों से भी अपील की कि वे ऐसी परेशानियों से बचने के लिए सबक लें व अपने बच्चों को पढ़ाएं।

बहरहाल चोरी व सीनाजोरी वाली कहावत बोर्ड की परीक्षाओं में नकल करने वालों पर चरितार्थ हो रही है। पहले नकल की व अब परेशानियों की दुहाई देकर ठीकरा बोर्ड पर ही फोड़ रहे हैं। बोर्ड भी शुरू से ही सख्ती के मूड में है व किसी भी तरह से नकलचियों को बख्सने के मूड में नहीं। अब देखना होगा कि कितने बोर्ड अधिकारियों की टीम की गाज से बच पाते हैं। सुनवाई लगातार चार दिन तक चलेगी।