Connect with us

Haryana

जींद जिला परिषद मामला – ढहने लगा विपक्ष, पदमा सिंगला का दावा नही हिलेगी कुर्सी

सत्यख़बर, जींद – जिला परिषद जींद में चल रहे तख्तापलट के मंसूबों पर पानी फिरता नजर आ रहा है। सत्ता पक्ष एक बार फिर विपक्ष को ललकारने लगा है। सत्ता पक्ष का दावा है कि विपक्ष के लोगों को एक बार फिर से मुंह की खानी पड़ेगी। वही चेयरपर्सन के खिलाफ एकजुट पार्षदों का कहना है कि इस बार […]

Published

on

सत्यख़बर, जींद – जिला परिषद जींद में चल रहे तख्तापलट के मंसूबों पर पानी फिरता नजर आ रहा है। सत्ता पक्ष एक बार फिर विपक्ष को ललकारने लगा है। सत्ता पक्ष का दावा है कि विपक्ष के लोगों को एक बार फिर से मुंह की खानी पड़ेगी। वही चेयरपर्सन के खिलाफ एकजुट पार्षदों का कहना है कि इस बार चेयर पर्सन पदमा सिंगला की कुर्सी जानी तय है।

दरअसल चेयर पर्सन पदमा सिंगला को हटाने के लिए विपक्ष के पास शुरू में 22 पार्षद थे। वही 4 पार्षद पदमा सिंगला के पास खड़े दिखाई दे रहे थे। लेकिन मंगलवार के बाद यह संख्या पलटने लगे अब पदमा सिंगला के पाले में 7 पार्षद होने की सूचना है। ऐसे में विपक्षी पार्षद पदमा सिंगला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव सिद्ध नहीं कर पाएंगे।

वह इस मामले में केंद्रीय मंत्री वीरेंद्र सिंह भी अभी कुछ दूरियां बनाए हुए हैं। हालांकि बताया जा रहा है कि वह किसी परिवारिक कारण की वजह से विपक्षी पार्षदों की अभी मदद नहीं कर पा रहे हैं। हो सकता आने वाले समय में वीरेंद्र सिंह के प्रयास से यह आंकड़ा ऊपर नीचे हो सकता है।

जिला परिषद जींद का मामला अब इनेलो के लिए भी नाक का सवाल बन सकता है। दरअसल इनेलो के दम पर ही पदमा पदमा सिंगला ने भाजपा का दामन छोड़ इनेलो का दामन थाम लिया था। ऐसे में इनेलो के लिए विनोद सिंगला की खुशी को बचाए रखना जरूरी माना जा रहा है। क्योंकि जींद जिला परिषद में में कुर्सी की लड़ाई इनेलो वर्सेस वीरेंद्र सिंह दिखाई दे रही है।

इनेलो नेता और जिला पार्षद के प्रतिनिधि अनिल ऐचरा ने कहा कि विपक्षी दीवार में सिर मार रहे हैं। नुकसान उन्हीं का होना है। उन्होंने पहले भी प्रयास किया था। तब भी मुंह की खाई थी, अब भी मुंह की खानी पड़ेगी

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *