Haryana News: फिरोजपुर झिरका से कांग्रेस विधायक मामन खान एक बार फिर विवादों में आ गए हैं लेकिन इस बार वजह कुछ और है। सोशल मीडिया पर उनके खिलाफ बेहद आपत्तिजनक टिप्पणियां की गईं। आरोप है कि कुछ लोगों ने फेसबुक ग्रुप बनाकर विधायक को बदनाम करने और हिंदू-मुस्लिम भावनाओं को भड़काने की कोशिश की। यहां तक कि एक पोस्ट में उनका मोबाइल नंबर डालकर उन्हें लड़कियां सप्लाई करने वाला बताया गया जो पूरी तरह से झूठ और मानहानिकारक है।
विधायक के भाई ने दी शिकायत तो जागी पुलिस
विधायक मामन खान के भाई मुस्ताक ने इस मामले में नगीना थाना पुलिस को शिकायत दी थी। उनका आरोप है कि कुछ लोग जानबूझकर उनके परिवार की छवि को नुकसान पहुंचाने के लिए सोशल मीडिया का गलत इस्तेमाल कर रहे हैं। शिकायत के आधार पर पुलिस ने छह लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। कार्रवाई एसपी के आदेश के बाद हुई जिससे मामले की गंभीरता का अंदाजा लगाया जा सकता है।

पहले भी हो चुकी है ऐसी हरकतें
यह पहली बार नहीं है जब विधायक को इस तरह के ऑनलाइन हमलों का सामना करना पड़ा है। साल 2024 में भी कुछ ऐसे ही पोस्ट सोशल मीडिया पर डाले गए थे जिनकी शिकायतें पुलिस को दी गई थीं लेकिन तब कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई थी। इस बार विधायक के भाई ने आरोप लगाया कि असलम सरपंच देडवाल की फेसबुक आईडी से ताहिर हुसैन और अन्य लोग मिलकर ये पोस्ट डाल रहे हैं। पुलिस अब इस दिशा में जांच कर रही है।
विधायक का कड़ा बयान और खुली चुनौती
इस पूरे घटनाक्रम के बीच विधायक मामन खान भी चुप नहीं बैठे। हाल ही में नूंह की अनाज मंडी में एक पंचायत के दौरान उन्होंने सोशल मीडिया चलाने वालों को जमकर लताड़ लगाई। उन्होंने कहा कि ये लोग दलाल हैं और अपने नेताओं की कोई इज्जत नहीं करते। उन्होंने कहा कि अगर किसी को उनके खिलाफ कुछ कहना है तो 4 साल बाद चुनाव मैदान में सामने आकर बोले। उन्होंने अपने ऊपर बूचड़खानों से कमीशन लेने के आरोपों को भी पूरी तरह नकारा।
राजनीतिक विवाद की ओर बढ़ता मामला
इस मामले ने अब एक राजनीतिक मोड़ भी ले लिया है। इनेलो नेता हबीब हवनगर ने मामन खान को बिना नाम लिए चेतावनी दी कि वह अपनी राजनीति करें और किसी कार्यकर्ता को धमकाने की कोशिश न करें। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे बूचड़खानों के खिलाफ आवाज उठा रहे हैं न कि किसी व्यक्तिगत दुश्मनी के लिए इकट्ठा हुए हैं। ऐसे में यह साफ है कि मामन खान के खिलाफ सोशल मीडिया पर चल रही साजिशें अब राजनैतिक बहस में बदल चुकी हैं।


