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  • Haryana Weather: गर्मी-ठंड का अजब संगम! चार दिन तक बदलता रहेगा हरियाणा का मौसम, 28 सितंबर को होगी बारिश?

    Haryana Weather: गर्मी-ठंड का अजब संगम! चार दिन तक बदलता रहेगा हरियाणा का मौसम, 28 सितंबर को होगी बारिश?

    Haryana Weather: हरियाणा ने इन दिनों दिन के समय आसमान से आग बरस रही है और धरती तपकर तवे जैसी हो चुकी है। अंबाला, फरीदाबाद समेत पूरे दिल्ली-एनसीआर और चंडीगढ़ में इन दिनों सितंबर का महीना लोगों के लिए जून-जुलाई जैसा महसूस हो रहा है। धूप इतनी तेज है कि लोग झुलस रहे हैं और गर्मी से बचने के लिए लोग छाते और दुपट्टों का सहारा ले रहे हैं। अब तक छाते को लोग बरसात से बचने का साथी मानते थे, लेकिन इस बार लोग इसे धूप से बचाव के लिए भी साथ लेकर निकल रहे हैं। दरअसल हरियाणा में इस बार बारिश के बाद लोगों को गर्मी का प्रकोप झेलना पड़ रहा है। मौसम विभाग की मानें तो आने वाले कुछ दिनों में बारिश की संभावना नहीं है। 28 सितंबर से मौसम में बदलाव आ सकता है। उस दौरान बारिश होने की संभावना है। ऐसे में तापमान में भी गिरावट आएगी और गर्मी से भी राहत मिलेगी।

    हरियाणा में आज का मौसम ज्यादातर साफ रहेगा, जिसमें धूप खिली रहेगी। तापमान की बात करें, तो अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 23-25 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है। आज बारिश की संभावना कम है, लेकिन कुछ जिलों में हल्की बूंदाबांदी हो सकती है। हवा की गति 5 से 15 किमी/घंटा हो सकती है। जो 16-18 किमी/घंटा तक पहुंच सकती है। आर्द्रता का स्तर 51-82% के बीच रहने की संभावना है।

    Haryana Weather: गर्मी-ठंड का अजब संगम! चार दिन तक बदलता रहेगा हरियाणा का मौसम, 28 सितंबर को होगी बारिश?

    बता दें कि 23 सितंबर यानी मंगलवार को हरियाणा का हिसार जिला सबसे गर्म रहा, जहां अधिकतम तापमान 37.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं सबसे कम तापमान पानीपत के उझा क्षेत्र में रहा, जहां 32.2 डिग्री सेल्सियस तापमान रहा। इससे लगता है कि आने वाले दिनों में तापमान में धीरे-धीरे बढ़त दर्ज की जाएगी।

    मौसम विभाग के अनुसार 25 सितंबर को हरियाणा में तेज धूप निकलेगी, जिससे गर्मी बढ़ने की संभावना है। इसी प्रकार 26 सितंबर को ठंडी हवाएं चलने की उम्मीद है और 27 सितंबर को धूप लौटने की संभावना है। हालांकि, तापमान में अत्यधिक वृद्धि नहीं होगी। धूप के साथ-साथ हल्की ठंडी हवा का अनुभव भी होगा। मौसम विभाग की मानें तो 28 सितंबर को मौसम में फिर से बदलाव देखने को मिल सकता है। ऐसे में बादल छाने और गरज के साथ हल्की बारिश होने की संभावना है। 29 सितंबर को मौसम सामान्य स्थिति में लौटने की उम्मीद है। तापमान में कोई विशेष परिवर्तन नहीं होगा। हालांकि, बारिश के बाद मौसम सुहावना रहेगा और गर्मी का आभास कम होगा।

  • Haryana Weather: हरियाणा में आज साफ बना रहेगा मौसम, इस साल जल्दी और कड़ाके की ठंड पड़ने की संभावना

    Haryana Weather: हरियाणा में आज साफ बना रहेगा मौसम, इस साल जल्दी और कड़ाके की ठंड पड़ने की संभावना

    Haryana Weather: हरियाणा में आज का मौसम ज्यादातर साफ रहेगा, जिसमें धूप खिली रहेगी। तापमान की बात करें, तो अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 23-25 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है। आज बारिश की संभावना कम है, लेकिन कुछ जिलों में हल्की बूंदाबांदी हो सकती है। हालांकि, कुछ रिपोर्ट्स के अनुसार, 15 जिलों में बारिश होने की संभावना है, जिनमें पंचकूला, अंबाला, यमुनानगर, कुरुक्षेत्र और करनाल शामिल हैं। हवा की गति 5-15 किमी/घंटा हो सकती है, जो 16 किमी/घंटा तक पहुंच सकती है। आर्द्रता का स्तर 54-78% के बीच रहने की संभावना है।

    हरियाणा, पंजाब सहित भारत के कई राज्यों में इस बार औसत से ज्यादा बारिश दर्ज की गई है। कई राज्यों में बारिश आफत बनकर बरसी। अब मौसम विज्ञानियों ने चेतावनी दी है कि इस साल के आखिर में ला नीना की स्थिति फिर से लौट सकती है, जिससे भारत में सामान्य से ज्यादा सर्दियां पड़ सकती हैं। यानी इस साल भारत में कड़ाके की ठंड पड़ सकती है। अमेरिका के जलवायु पूर्वानुमान केंद्र ने कहा कि अक्टूबर-दिसंबर में ला नीना आने की 71 प्रतिशत संभावना है। इस साल की शुरुआत में थोड़े समय के लिए आए ला नीना की तरह, इसके फरवरी 2026 तक खत्म होने की संभावना है। ला नीना, प्रशांत महासागर में समुद्र के पानी के ठंडा होने की स्थिति है, जिसकी वजह से उत्तरी भारत में सामान्य से ज्यादा सर्दियां होती हैं।

    Haryana Weather: हरियाणा में आज साफ बना रहेगा मौसम, इस साल जल्दी और कड़ाके की ठंड पड़ने की संभावना

    ला नीना, एल नीनोसदर्न ऑसिलेशन (ENSO) का ठंडा रूप है। इसमें प्रशांत महासागर का पानी ठंडा हो जाता है और इसका असर दुनिया के मौसम पर पड़ता है। भारत में इसे ज्यादा ठंडी सर्दियों से जोड़कर देखा जाता है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि अभी प्रशांत महासागर में न तो एल नीनो है और न ही ला नीना है। IMD के पूर्वानुमानों के मुताबिक मानसून के दौरान यही तटस्थ स्थिति बनी रहेगी।

    ऐसे में इस साल भारत में कड़ाके की सर्दी पड़ सकती है। जलवायु परिवर्तन की वजह से गर्मी का असर कुछ हद तक इसे कम कर सकता है, लेकिन ला नीना वाले सालों में सर्दियां सामान्य से ज्यादा ठंडी होती हैं। इसलिए यह साल सबसे गर्म सालों में नहीं गिना जाएगा। क्योंकि मानसून की बारिश ने पहले ही तापमान को कम किया हुआ है।

    स्काइमेट वेदर के अध्यक्ष जीपी शर्मा ने कहा कि प्रशांत महासागर पहले से ही सामान्य से ठंडा है, लेकिन अभी ला नीना की सीमा तक नहीं पहुंचा है। अगर समुद्र की सतह का तापमान 0.5°C से नीचे चला जाए और यह लगातार तीन तिमाहियों तक बना रहे। तभी इसे ला नीना माना जाएगा. ऐसी ही स्थिति 2024 के आखिर में भी बनी थी। जब नवंबर से जनवरी तक थोड़े समय के लिए ला नीना जैसी स्थिति आई थी और फिर दोबारा तटस्थ ( न एल नीनो और न ला नीना) हो गई थी।

    जीपी शर्मा ने बताया कि प्रशांत महासागर में जारी ठंडक वैश्विक मौसम को प्रभावित कर सकती है. अगर ला नीना आता है तो अमेरिका पहले से ही सूखी सर्दियों (ड्राई विंटर) के लिए अलर्ट पर है। जबकि भारत में इसका असर खासतौर पर उत्तर भारत और हिमालयी इलाकों में पड़ेगा। ये कड़ाके की ठंड और पहाड़ी राज्यों में भारी बर्फबारी ला सकता है।

  • Haryana Weather: हरियाणा में अलविदा मानसून! फतेहाबाद और सिरसा ने कहा बाय-बाय, जानें क्या होगा मौसम अगले साल

    Haryana Weather: हरियाणा में अलविदा मानसून! फतेहाबाद और सिरसा ने कहा बाय-बाय, जानें क्या होगा मौसम अगले साल

    Haryana Weather: हरियाणा से मानसून की विदाई अब होने लगी है। हरियाणा के 2 जिले फतेहाबाद और सिरसा में मानसून की विदाई कल देर शाम को ही हो गई। मौसम विभाग ने इस बात की पुष्टि कर दी है। कल पंचकूला में आधे घंटे तक तेज बारिश हुई। कैथल के पूंडरी में काली घटा छाई, लेकिन बारिश नहीं हुई। आज पूरे हरियाणा से मानसून विदा हो जाएगा।

    इस साल मानसून ने हरियाणा में काफी नुकसान किया है बाढ़ और जल भराव के कारण एक तिहाई से ज्यादा फसल नष्ट हो गई है। एक दर्जन से ज्यादा मकानों के गिरने और लोगों के मरने की खबरों ने भी प्रदेश की जनता को काफी दुखी किया है।

    हरियाणा से मानसून की वापसी उत्तर-पश्चिम दिशा से शुरू होती है और यह धीरे-धीरे दक्षिण-पूर्व की ओर बढ़ती है। मौसम विभाग के अनुसार मानसून सबसे पहले पश्चिमी राजस्थान से वापस लौटना शुरू करता है और फिर पंजाब और हरियाणा जैसे उत्तर-पश्चिमी राज्यों से विदा होता है।

    Haryana Weather: हरियाणा में अलविदा मानसून! फतेहाबाद और सिरसा ने कहा बाय-बाय, जानें क्या होगा मौसम अगले साल

    मानसून की वापसी की रेखा भटिंडा (पंजाब), फतेहाबाद (हरियाणा), पिलानी (राजस्थान) और भुज (गुजरात) जैसे शहरों से होकर गुजरती है। हरियाणा से निकलने के बाद, मानसून पूर्वी उत्तर प्रदेश और मध्य भारत की ओर बढ़ता है, और अंततः अक्टूबर के मध्य तक प्रायद्वीप के दक्षिणी हिस्से से भी वापस लौट जाता है।

    हरियाणा से मानसून के वापस लौटने की प्रक्रिया कल देर शाम शुरू हो गई और आज दोपहर तक यह पूरे हरियाणा से वापस चला जाएगा। मानसून के लौटने के बाद प्रदेश में आने वाले एक सप्ताह तक गर्मी और उमस परेशान करेगी। पश्चिमी हवाएं चलने से प्रदेश में धीरे-धीरे ठंड शुरू हो जाएगी। दशहरे के आसपास हल्की ठंड दस्तक दे सकती है।

  • Haryana Weather: आ गई तारीख कब विदा होगा मानसून, आज भी हरियाणा के आठ जिलों में बारिश की संभावना

    Haryana Weather: आ गई तारीख कब विदा होगा मानसून, आज भी हरियाणा के आठ जिलों में बारिश की संभावना

    Haryana Weather: हरियाणा से मानसून के विदा होने की तारीख का ऐलान कर दिया गया है। मौसम विभाग की मानें तो हरियाणा से मानसून 22 सितंबर को विदा हो जाएगा। मौसम विभाग ने आज हरियाणा के आठ जिलों में बारिश की संभावना व्यक्त की है। IMD चंडीगढ़ के अनुसार, रविवार को पंचकूला, यमुनानगर, अंबाला, कुरुक्षेत्र, कैथल, करनाल, पानीपत, सोनीपत में कुछ एरिया में हल्की बूंदाबांदी की संभावना है। इसके अलावा बाकी जिलों में मौसम साफ रहने की उम्मीद है।

    मौसम विभाग के अनुसार 22 सितंबर के आसपास हरियाणा से मानसून की रवानगी हो जाएगी। इस बार मानसून पिछले साल की तुलना में 10 दिन पहले विदा हो जाएगा। इससे पहले राज्य के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश होने के आसार हैं। मौसम विभाग का कहना कि मानसून की रवानगी के बाद भी बारिश हुई तो इस बार सर्दी की दस्तक समय से पहले हो सकती है। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक 16 से 17 सितंबर के बीच पहाड़ों पर एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो रहा है। वहीं, बंगाल की खाड़ी में एक निम्न हवा का दबाव क्षेत्र भी बनेगा। इसके प्रभाव से 17 से 19 सितंबर के बीच हरियाणा के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की जा सकती है।

    Haryana Weather: आ गई तारीख कब विदा होगा मानसून, आज भी हरियाणा के आठ जिलों में बारिश की संभावना

    इसके बाद मानसून की विदाई शुरू हो जाएगी। इसकी शुरुआत राजस्थान से होगी है। राजस्थान से मानसून की रवानगी 17 सितंबर के आसपास होने वाली है। पिछले साल हरियाणा में मानसून की विदाई दो अक्तूबर को हुई थी।

    उल्लेखनीय है कि हरियाणा में इस बार मानसून की बारिश सामान्य से ज्यादा हुई है। राज्य में अब तक 564.7 मिलीमीटर बारिश दर्ज की जा चुकी है जो सामान्य से 42 फीसदी अधिक है। मानसून सीजन में हुई बारिश ने इस बार 27 साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। चंडीगढ़ मौसम विभाग के निदेशक सुरेंद्र पाल ने बताया कि 17 से 19 सितंबर के बीच बारिश के आसार दिख रहे हैं। उसके बाद मानसून हरियाणा से चला जाएगा। उन्होंने बताया कि मानसून के चले जाने के बाद मौसमी सिस्टम सक्रिय हो सकते हैं। इनकी वजह से बारिश हुई तो सर्दी की दस्तक जल्द हो सकती है। वहीं, हिसार स्थित चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के डॉ. मदन खीचड़ ने बताया कि 22 सितंबर के आसपास मानसून की विदाई होगी।

    भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान के पूर्व प्रधान वैज्ञानिक डॉ. वीरेंद्र सिंह लाठर ने बताया कि जलभराव से धान की अगेती फसल को पहले से ही 15-20 फीसदी नुकसान हो चुका है। यदि अब बारिश हुई तो जो फसल पक गई है उसे भी 10-15 फीसदी नुकसान होने की संभावना है। उन्होंने बताया कि 22 सितंबर के आसपास मानसून की विदाई शुरू होने की संभावना है।

  • Haryana Weather: दक्षिण हरियाणा में आज तेज बारिश की संभावना, बाकी हरियाणा में छिटपुट बारिश, 6 तारीख से कमजोर हो जाएगा मानसून

    Haryana Weather: दक्षिण हरियाणा में आज तेज बारिश की संभावना, बाकी हरियाणा में छिटपुट बारिश, 6 तारीख से कमजोर हो जाएगा मानसून

    Haryana Weather: हरियाणा में हो रही भारी बारिश और पहाड़ों से नदियों से आ रहे पानी ने हरियाणा की मुश्किलों को बढ़ाने का काम किया है। हरियाणा में इस मानसून सीजन सामान्य से 47 प्रतिशत अधिक बारिश हुई है। इससे लोगों की मुश्किलें बढ़ी हैं। प्रदेश के कई इलाकों में बाढ़ जैसे हालात हैं। इस सबके बीच आज के लिए मौसम विभाग ने दक्षिण हरियाणा में भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार महेंद्रगढ़, रेवाड़ी, गुरुग्राम, फरीदाबाद, मेवात और पलवल में आज तेज बारिश की संभावना है। बाकी हरियाणा में कहीं-कहीं बारिश होने की संभावना व्यक्त की गई है।

    कुरुक्षेत्र में घग्गर और मारकंडा नदी का पानी ओवरफ्लो होकर घरों में घुस चुका है। सिरसा में भी घग्गर ने फसल बर्बाद की। वहीं, अंबाला में टांगरी नदी का पानी आसपास की कॉलोनियों में भर गया, जिससे लोगों ने बेघरों की तरह सड़कों पर रात गुजारी। प्रशासन ने धर्मशालाओं का इंतजाम किया था, लेकिन दूर होने के चलते लोग गए ही नहीं।

    Haryana Weather: दक्षिण हरियाणा में आज तेज बारिश की संभावना, बाकी हरियाणा में छिटपुट बारिश, 6 तारीख से कमजोर हो जाएगा मानसून

    मौसम विभाग का कहना है कि शुक्रवार 5 सितंबर को भी प्रदेश में अधिकांश इलाकों में बारिश होगी लेकिन 6 सितंबर से मानसून कमजोर होने लगेगा। हालांकि पश्चिमी विक्षोभ के चलते पूरे सितंबर माह में बीच-बीच में बारिश होने की संभावना बनी रहेगी। बुधवार को हरियाणा का अधिकांश भागों में कहीं हल्की तो कहीं तेज बारिश हुई है।

    प्रदेश के आठ जिलों में स्कूलों की छुट्टियां कर दी गई है जबकि हरियाणा के 6 जिलों के 200 गांव को छूकर निकलने वाली यमुना के उफान को देखते हुए प्रशासन को अलर्ट रखा गया है। बता दें कि यमुना नदी हरियाणा में करीब 320 किलोमीटर का सफर तय करती है। यह यमुनानगर से शुरू होकर करनाल, पानीपत, सोनीपत के रास्ते फरीदाबाद-पलवल तक जाती है।

  • Haryana Weather: आज भी देश के अधिकांश हिस्सों में बारिश की संभावना, हरियाणा में 22 अगस्त से फिर एक्टिव होगा मानसून

    Haryana Weather: आज भी देश के अधिकांश हिस्सों में बारिश की संभावना, हरियाणा में 22 अगस्त से फिर एक्टिव होगा मानसून

    Haryana Weather: देश से मानसून की विदाई का समय अब नजदीक आने लगा है लेकिन जाता हुआ मानसून इस बार काफी तेज बारिश का संकेत दे रहा है। मौसम विभाग का मानना है कि इस बार मानसून की विदाई में भी कुछ देरी हो सकती है। ऐसे में आने वाले दिनों में देश के अधिकांश हिस्सों में तेज बारिश की संभावना बनी हुई है।

    आज 20 अगस्त के लिए उत्तराखंड के देहरादून समेत 7 जिलों में तेज बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। बिहार और उत्तर प्रदेश में भी कई जिलों में तेज बारिश का अलर्ट है। हरियाणा के पंचकूला और यमुनानगर में तेज बारिश की संभावना जताई गई है लेकिन इसके लिए कोई अलर्ट जारी नहीं किया गया है। दिल्ली और एनसीआर में भी आज बारिश की संभावना व्यक्त की गई है। हिमाचल और जम्मू कश्मीर के कुछ इलाकों में बारिश की संभावना व्यक्त की गई है।

    हरियाणा में बारिश को लेकर भारत मौसम विभाग की ओर से आज के लिए किसी तरह का अलर्ट तो जारी नहीं किया गया है, लेकिन दो जिलों में तेज बारिश की संभावना अवश्य जाहिर की है। यमुनानगर और पंचकूला में 50 से 75 प्रतिशत बारिश होने का अनुमान है।

    Haryana Weather: आज भी देश के अधिकांश हिस्सों में बारिश की संभावना, हरियाणा में 22 अगस्त से फिर एक्टिव होगा मानसून

    आईएमडी के अनुसार सिरसा, फतेहाबाद, हिसार, भिवानी, जींद, चरखी दादरी, रोहतक, महेंद्रगढ़, रेवाड़ी, झज्जर, गुरुग्राम, फरीदाबाद, मेवात, पलवल में 0 से 25 प्रतिशत बारिश की संभावना है। वहीं अंबाला, कुरूक्षेत्र, कैथल, करनाल, पानीपत, सोनीपत में 25 से 50 प्रतिशत हो सकती है।

    मौसम विभाग के अनुसार दो दिन छोड़कर मानसून फिर से रफ्तार पकड़ेगा और कई जिलों मे बारिश होगी। 22 अगस्त को 4 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया गया। वहीं इससे पहले दो दिन तक हल्की से मध्यम बारिश की संभावना तो जताई गई है, लेकिन अलर्ट नहीं है।

    बता दें कि, मंगलवार को प्रदेश के सोनीपत, रोहतक आदि जिलों में बारिश हुई। इस मानसून सीजन अभी तक सामान्य से अधिक बारिश हुई है। हरियाणा में सबसे अधिक बारिश यमुनानगर में हुई है और यहां बरसात का आंकड़ा 800 एमएम को पार कर चुका है। वहीं सबसे कम बारिश सिरसा में दर्ज की गई।

  • Haryana Weather: मानसूनी बारिश से देश बेहाल, कई राज्यों में बाढ़ और जलभराव, हरियाणा के आठ जिलों में येलो अलर्ट

    Haryana Weather: मानसूनी बारिश से देश बेहाल, कई राज्यों में बाढ़ और जलभराव, हरियाणा के आठ जिलों में येलो अलर्ट

    Haryana Weather: मानसूनी बारिश से देशभर में बाढ़ और जलभराव का संकट बना हुआ है। हिमाचल प्रदेश से लेकर पंजाब, हरियाणा, राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली-एनसीआर समेत केरल और ओडिशा तक जमकर वर्षा हो रही है। रविवार के लिए भी मौसम विभाग ने देश के अधिकांश भागों में बारिश का अलर्ट जारी किया है। पहाड़ों में जमकर बारिश होने की संभावना है लेकिन राहत की बात यह है कि उत्तर प्रदेश और बिहार में बारिश की संभावनाएं आज कम हैं। आसमान से बरसती आफत से खासतौर पर पहाड़ी राज्यों में भारी तहाबी देखने को मिल रही है। हिमाचल प्रदेश में तीन अलग-अलग घटनाओं में पांच लोगों की मौत हो गई है। इस मानसून के सीजन में हिमाचल में 252 लोगों की मौत हो चुकी है। किन्नौर में भूस्खलन से दिल्ली के युवक-युवती की जान चली गई। चंबा में गाड़ी गिरने से तीन लोगों की मौत हुई।

    जन्माष्टमी मनाने युला कंडा जाते हुएभूस्खलन होने और मणिमहेश यात्रा पर आ रहे पंजाब के श्रद्धालुओं की कार रावी नदी में समाने से यह जानी नुकसान हुआ। बीती देर रात कठुआ के जोद इलाके में बादल फटने से काफी नुकसान हुआ है। जम्मू-पठानकोट हाईवे पर मलबा आने से कई घर मलबे की चपेट में आ गए हैं।

    Haryana Weather: मानसूनी बारिश से देश बेहाल, कई राज्यों में बाढ़ और जलभराव, हरियाणा के आठ जिलों में येलो अलर्ट

    हरियाणा में आज रविवार को 8 जिलों में बारिश की संभावना है। भारत मौसम विज्ञान केंद्र के चंडीगढ़ मौसम केंद्र ने पंचकूला, अंबाला, यमुनानगर, करनाल, पानीपत, सोनीपत, गुरुग्राम और फरीदाबाद में बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।

    मौसम विभाग के मुताबिक, प्रदेश में अगले 3 दिन बारिश के आसार हैं। चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय हिसार के कृषि मौसम विज्ञान विभागाध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ के अनुसार, अरब सागर से नमी वाली हवाएं हरियाणा राज्य की तरफ बढ़ने से मानसून की गतिविधियों में बढ़ोतरी हो सकती है।

    इस मानसून सीजन प्रदेश में अब तक सामान्य से अधिक बारिश हो चुकी है। हरियाणा में सबसे अधिक बारिश यमुनानगर में हुई है। यहां बारिश का आंकड़ा 728 मिमी तक पहुंच गया है। जबकि, सबसे कम बारिश कैथल में दर्ज की गई है। यहां 167 मिमी तक बादल बरसे हैं।

  • Haryana Weather: देश के अधिकांश हिस्सों में जन्माष्टमी पर होगी बारिश, हरियाणा के आठ जिलों में बारिश का अलर्ट जारी

    Haryana Weather: देश के अधिकांश हिस्सों में जन्माष्टमी पर होगी बारिश, हरियाणा के आठ जिलों में बारिश का अलर्ट जारी

    Haryana Weather: बारिश का सिलसिला देशभर में अलग-अलग रूप में जारी है। कहीं यह किसानों के लिए राहत लेकर आई है, तो कहीं आफत बनकर तबाही मचा रही है। दिल्ली से लेकर बिहार और उत्तराखंड तक आसमान का मिजाज बदल रहा है।

    हरियाणा में आज जन्माष्टमी के दिन 8 जिलों में बारिश का यलो अलर्ट जारी किया गया है। इनमें पंचकूला, अंबाला, यमुनानगर, करनाल, पानीपत, सोनीपत, गुरुग्राम और फरीदाबाद शामिल हैं। मौसम विभाग के अनुसार, फतेहाबाद, हिसार, भिवानी, चरखी दादरी, महेंद्रगढ़, रेवाड़ी, झज्जर, रोहतक, कुरुक्षेत्र, कैथल, जींद, नूंह और पलवल में 25 से 50 प्रतिशत, जबकि पंचकूला, अंबाला, यमुनानगर, करनाल, पानीपत, सोनीपत, गुरुग्राम और फरीदाबाद में 50 से 75 प्रतिशत बारिश की संभावना है।

    शुक्रवार को फरीदाबाद, पानीपत, झज्जर, रेवाड़ी समेत कई जिलों में बारिश दर्ज की गई। इस मानसून सीजन में हरियाणा में औसत से अधिक बारिश हुई है। राज्य में सबसे अधिक बरसात यमुनानगर में हुई है, जहां आंकड़ा 715 मिमी को पार कर चुका है। वहीं, सबसे कम बारिश कैथल में दर्ज की गई है। आईएमडी के पूर्वानुमान के अनुसार, प्रदेश में बारिश का ये सिलसिला तीन दिन तक जारी रहेगा।
    दिल्ली-एनसीआर में 16 अगस्त से 18 अगस्त तक हल्की बारिश की सम्भावना जताई गई है। मौसम विभाग के अनुसार आज लगभग दिनभर दिल्ली में बादल छाए रहेंगे। कुछ इलाकों में हल्की-फुल्की फुहारें 21 अगस्त तक रुक-रुक कर चलती रहेंगी। कुछ क्षेत्रों में झमाझम बारिश का भी पूर्वानुमान है।

    Haryana Weather: देश के अधिकांश हिस्सों में जन्माष्टमी पर होगी बारिश, हरियाणा के आठ जिलों में बारिश का अलर्ट जारी

    यूपी में इस हफ्ते बारिश का ग्राफ नीचे जा सकता है। मौसम विभाग के मुताबिक 21 अगस्त तक ज्यादा भारी बारिश की उम्मीद नहीं है। 16 अगस्त यानी जन्माष्टमी पर पश्चिमी यूपी में गरज-चमक के साथ हल्की बारिश हो सकती है, जबकि पूर्वी हिस्सों में भी कहीं-कहीं बूंदाबांदी की संभावना जताई गई है। हालांकि, पश्चिमी यूपी के कुछ इलाकों में भारी बारिश का अलर्ट ज़रूर जारी किया गया है।

    उत्तराखंड में हालात थोड़े गंभीर हो सकते हैं। मौसम विज्ञान केंद्र ने देहरादून, बागेश्वर और नैनीताल में 16 और 17 अगस्त को भारी से बहुत भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली और पिथौरागढ़ जैसे पहाड़ी जिलों में भी भारी बारिश की संभावना है। हिमाचल प्रदेश में 16 से 20 अगस्त तक और जम्मू-कश्मीर में अगले कुछ दिनों तक भारी बारिश का पूर्वानुमान है। इन इलाकों में भूस्खलन और सड़कें बंद होने जैसी समस्याएं भी खड़ी हो सकती हैं।

  • Haryana Weather: हरियाणा में 16 जुलाई तक रहेगा खराब मौसम, कई जिलों में बारिश के आसार, तीन जिलों में येलो अलर्ट

    Haryana Weather: हरियाणा में 16 जुलाई तक रहेगा खराब मौसम, कई जिलों में बारिश के आसार, तीन जिलों में येलो अलर्ट

    Haryana Weather: हरियाणा के कई जिलों में आज सुबह से ही मौसम ने करवट ले ली है। भिवानी और सिरसा में सुबह-सुबह ही बारिश दर्ज की गई, जिससे मौसम सुहावना हो गया। वहीं फरीदाबाद, फतेहाबाद, झज्जर, अंबाला और महेन्द्रगढ़ के नारनौल में घने बादल छाए हुए हैं। इन जिलों में आने वाले कुछ घंटों में बारिश की संभावना जताई जा रही है। लोगों को गर्मी से राहत तो जरूर मिली है, लेकिन खराब मौसम के कारण कुछ जगहों पर जनजीवन पर असर भी देखने को मिल रहा है।

    16 जुलाई तक खराब रहेगा मौसम, कई जिलों में अलर्ट

    भारतीय मौसम विभाग, चंडीगढ़ की ओर से हरियाणा के सभी जिलों में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई गई है। विभाग ने यह भी कहा है कि प्रदेश में 16 जुलाई तक मौसम ऐसा ही बना रहेगा। खासकर महेन्द्रगढ़, रेवाड़ी और मेवात जिलों के लिए पीला अलर्ट (Yellow Alert) जारी किया गया है, जहां अगले कुछ दिनों में अच्छी बारिश हो सकती है। अलर्ट का मतलब है कि इन जिलों में भारी बारिश के साथ तेज हवाएं और बिजली गिरने की भी संभावना बनी हुई है। प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है।

    Haryana Weather: हरियाणा में 16 जुलाई तक रहेगा खराब मौसम, कई जिलों में बारिश के आसार, तीन जिलों में येलो अलर्ट

    बंगाल की खाड़ी से आ रही हैं नमी भरी हवाएं

    हिसार के चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के कृषि मौसम विभाग प्रमुख डॉ. मदन खिचड़ ने बताया कि इस समय मानसून ट्रफ की उत्तरी सीमा जोधपुर, भिवानी, डाल्टागंज होते हुए दिघा और पूर्वोत्तर बंगाल की खाड़ी तक बनी हुई है। इसके कारण बंगाल की खाड़ी से नमी युक्त हवाएं हरियाणा की ओर बढ़ रही हैं। यही वजह है कि राज्य के अधिकतर हिस्सों में मौसम में लगातार बदलाव देखने को मिल रहा है। उन्होंने बताया कि अगले दो-तीन दिन तक राज्य में रुक-रुक कर बारिश जारी रहेगी, जिससे किसानों को भी कुछ राहत मिलने की संभावना है।

    बारिश से फसलों को फायदा, लेकिन किसानों को सतर्क रहने की सलाह

    बारिश से जहां आम लोगों को गर्मी से राहत मिल रही है, वहीं किसानों के लिए भी यह बारिश फायदेमंद हो सकती है। खरीफ की फसलों, खासकर धान और मक्का के लिए यह बारिश लाभदायक मानी जा रही है। लेकिन कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को सलाह दी है कि वे खेतों में जलभराव से बचने के उपाय पहले से कर लें। ज्यादा बारिश होने की स्थिति में फसलों को नुकसान भी हो सकता है। इसके अलावा, जिन जगहों पर अभी तक बुवाई नहीं हुई है, वहां अब बुवाई का समय अनुकूल बन गया है। मौसम विभाग की चेतावनी को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने भी जरूरी तैयारियां शुरू कर दी हैं।