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  • Anil Vij: कांग्रेस का न कोई संगठन न कोई नेता, राहुल को अडानी फोबिया

    Anil Vij: कांग्रेस का न कोई संगठन न कोई नेता, राहुल को अडानी फोबिया

    अपनी बेबाक टिप्पणी के लिए जाने जाने वाले हरियाणा के ऊर्जा, परिवहन एवं श्रम मंत्री Anil Vij ने एक बार फिर कांग्रेस पर तीखा हमला बोला है। हरियाणा विधानसभा गठन के 10 महीने बीत जाने के बावजूद भी कांग्रेस द्वारा विधायक दल का नेता नहीं चुने जाने पर उन्होंने कांग्रेस पर तंज कसा है। पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी ही नहीं है। कांग्रेस का कोई संगठन नहीं है, कांग्रेस का कोई नेता नहीं है। कांग्रेस पार्टी में कोई किसी की मानता नहीं है। ये कई महीने बाद भी विधायक दल का नेता न चुना जाना दर्शाता है।

    आगामी विधानसभा सत्र में हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता भूपेंद्र हुड्डा ने कहा है कि कानून-व्यवस्था, महंगाई, बेरोजगारी और किसानों के मुद्दे उठाएंगे। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कैबिनेट मंत्री अनिल विज ने कहा कि अच्छी बात है कि विपक्ष मुद्दों को उठाए ताकि हम मुद्दों का जवाब दें। लेकिन चिंता तो तब हो जाती है जब ये वहां जाकर हाजिरी लगाकर आ जाते हैं।

    Anil Vij: कांग्रेस का न कोई संगठन न कोई नेता, राहुल को अडानी फोबिया

    वहीं Anil Vij ने राहुल गांधी पर एक बार फिर हमला बोला। उन्होंने कहा राहुल गांधी को अदानी फोबिया हो गया है। शायद ही कोई ऐसा दिन होगा, जिस दिन वो अदानी का नाम न लेते हों। मंत्री विज ने कहा कि उनको ऐसा लगता है कि देश के कुछ बड़े व्यापारिक घरानों के कहने से यह अभियान चलाया जा रहा है। कोई ना कोई व्यापारिक घराना इनको स्पांसर कर रहा है, इसलिए वह हर चीज के लिए अदानी को दोषी ठहराते हैं।

    ट्रंप ने भारतीय दवाओं पर 250 प्रतिशत टैरिफ लगाने की बात कही है। इसे लेकर हरियाणा के कैबिनेट मंत्री अनिल विज ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि कूटनीतिक स्तर पर हमारी सरकार और अमेरिका की सरकार के साथ बात चल रही है। देश के हित में जो फैसले होंगे, उम्मीद है सरकार वो करवाने में कामयाब होगी।

  • हरियाणा में Rahul Gandhi को मिली गर्दन काटने की धमकी से मचा राजनीतिक तूफान! जानिए पूरा मामला

    हरियाणा में Rahul Gandhi को मिली गर्दन काटने की धमकी से मचा राजनीतिक तूफान! जानिए पूरा मामला

    हरियाणा के बल्लभगढ़ में एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है जिसमें लोकसभा में विपक्ष के नेता Rahul Gandhi को गर्दन काटने की धमकी दी गई है। यह धमकी एक वायरल वीडियो के माध्यम से सामने आई है जिसमें देवसेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष बृजभूषण सैनी राहुल गांधी के खिलाफ भड़काऊ बयान देते दिखाई दे रहे हैं। वीडियो व्हाट्सएप पर तेजी से फैल गया है और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने इसे गंभीरता से लेते हुए पुलिस में शिकायत दी है।

    पुलिस को सौंपी गई पेनड्राइव और शिकायत

    कांग्रेस कार्यकर्ता अश्विनी कौशिक ने बल्लबगढ़ के आदर्श नगर थाने में इस वीडियो को लेकर लिखित शिकायत दी है। उन्होंने कहा कि उन्हें एक व्हाट्सएप संदेश मिला जिसमें एक वीडियो लिंक था। यह वीडियो कथित तौर पर बृजभूषण सैनी के मोबाइल नंबर से भेजा गया था। इस वीडियो में राहुल गांधी की गर्दन काटने जैसी भयंकर धमकी दी जा रही है। शिकायतकर्ता ने वीडियो की एक पेनड्राइव भी पुलिस को सौंपी है ताकि उसकी फॉरेंसिक जांच की जा सके।

    हरियाणा में Rahul Gandhi को मिली गर्दन काटने की धमकी से मचा राजनीतिक तूफान! जानिए पूरा मामला

    कांग्रेस का कड़ा विरोध और ऐलान

    इस घटना के विरोध में कांग्रेस पार्टी पूरी तरह से आक्रोशित है। कांग्रेस नेताओं ने यह स्पष्ट कर दिया है कि ऐसे बयान देने वालों को किसी भी कीमत पर नहीं छोड़ा जाएगा। पार्टी का कहना है कि देश के एक बड़े नेता को इस प्रकार की धमकी देना सिर्फ एक व्यक्ति पर हमला नहीं है बल्कि देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था और संविधान पर सीधा हमला है।

    पुलिस जांच शुरू, कानून करेगा अपना काम

    फरीदाबाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और पेनड्राइव में दिए गए वीडियो की तकनीकी जांच की प्रक्रिया शुरू की जा रही है। पुलिस का कहना है कि अगर जांच में वीडियो सही पाया गया तो आरोपी के खिलाफ सख्त धाराओं में केस दर्ज किया जाएगा। प्रशासन का दावा है कि देश की एकता और शांति को भंग करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

    लोकतंत्र के खिलाफ जहरीली सोच

    इस तरह के बयान देश में नफरत का माहौल फैलाने की साजिश हैं। राहुल गांधी को गर्दन काटने की धमकी सिर्फ एक राजनीतिक विरोध नहीं बल्कि हिंसा को बढ़ावा देने वाली मानसिकता का उदाहरण है। ऐसे बयान देश को बांटते हैं और युवाओं को गुमराह करते हैं। अब यह समय है जब समाज को इस तरह की जहरीली सोच के खिलाफ एकजुट होकर खड़ा होना चाहिए।

  • Anil Vij का बड़ा ब्यान: सुप्रीम कोर्ट की फटकार से राहुल गांधी के भारतीय होने पर लग गया है  प्रश्नचिन्ह

    Anil Vij का बड़ा ब्यान: सुप्रीम कोर्ट की फटकार से राहुल गांधी के भारतीय होने पर लग गया है प्रश्नचिन्ह

    चंडीगढ़: हरियाणा के ऊर्जा, परिवहन एवं श्रम मंत्री Anil Vij ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी को सुप्रीम कोर्ट से लगी फटकार के मामले में प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि अगर सुप्रीम कोर्ट ने ये कहा है तो राहुल गांधी के भारतीय होने पर प्रश्नचिन्ह लग गया है। पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि राहुल गांधी चाइना को लेकर भारत का विरोध करते है, कभी सर्जिकल स्ट्राइक का विरोध करते है। अभी ऑपरेशन सिंदूर में भी उन्होंने एक बार भी सेना को नहीं सराहा, न ही सरकार को सराहा, उलटा वो सबूत मांग रहे हैं बल्कि सवाल ही खड़े किए।

    PM मोदी के नेतृत्व में देश विश्व की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने जा रहा है

    Anil Vij ने कहा कि राहुल गांधी का कुछ बड़े परिवारिक घरानों से संबंध है और उनके कहने से ही यह दूसरे परिवारिक घरानों का लगातार विरोध कर रहे हैं। उनकी मनचाही भाषा बोलते हैं। देश की अर्थव्यवस्था ने इतनी तरक्की की है कि यह विश्व की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने जा रही है। इसके लिए प्रधानमंत्री की सोच उनका विजन देश को आगे बढऩे का है और जल्द हमारी अर्थव्यवस्था विश्व में सबसे टॉप पर होगी।

    Anil Vij का बड़ा ब्यान: सुप्रीम कोर्ट की फटकार से राहुल गांधी के भारतीय होने पर लग गया है प्रश्नचिन्ह

    आप्रेशन सिंदूर के महानायक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भेजेंगे पुष्प

    ऑपरेशन सिंदूर को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का स्वागत किया गया है जिसे लेकर विज ने कहा कि यह बहुत अच्छी बात है कि ऑपरेशन सिंदूर के महानायक नरेंद्र मोदी हैं, उनका सारे पार्लियामेंट के मेंबर्स ने उनका सम्मान किया है, इस पर विज ने कहा कि उन्होंने भी फैसला लिया है कि हम सभी कार्यकर्ता प्रधानमंत्री के सम्मान में फूलों की एक टोकरी बनाकर उन्हें भेजेंगे।

    फारूख अब्दुला का शरीर कश्मीर में रहता है लेकिन उनकी आत्म पाकिस्तान में रहती है

    जम्मू-कश्मीर में अनुच्छेद 370 की छठीं वर्षगांठ पर फारूक अब्दुला ने पाकिस्तान व चीन को मजबूत पड़ोसी बताया है और देश के भविष्य पर दुख जताया, जिस पर पलटवार करते हुए ऊर्जा मंत्री अनिल विज ने कहा कि ये सर्वविदित है कि फारूख अब्दुला का शरीर कश्मीर में रहता है लेकिन उनकी आत्म पाकिस्तान में रहती है, और वे पाकिस्तान की भाषा बोलते है। आज उनको अनुच्छेद 370 हटने की खुशी मनानी चाहिए, झूमना नाचना चाहिए, जो कश्मीर हिंदुस्तान से अलग होकर एक टुकड़ा रह गया था जिसमें सारे हिन्दुस्तान की स्कीम लागू नहीं होती थी, आज वो हिंदुस्तान का हिस्सा है। इसके लिए उनको खुशी मनानी चाहिए न कि इसका विरोध करना चाहिए।

  • Priyanka Gandhi का पलटवार! कौन सच्चा भारतीय? प्रियंका गांधी का सुप्रीम कोर्ट को जवाब, राहुल का बचाव

    Priyanka Gandhi का पलटवार! कौन सच्चा भारतीय? प्रियंका गांधी का सुप्रीम कोर्ट को जवाब, राहुल का बचाव

    कांग्रेस महासचिव Priyanka Gandhi ने मंगलवार को संसद भवन में मीडिया से बातचीत करते हुए सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी पर दो टूक जवाब दिया। उन्होंने कहा कि “माननीय जजों का सम्मान करते हुए मैं कहना चाहती हूं कि वे यह तय नहीं कर सकते कि कौन सच्चा भारतीय है।” उनका यह बयान उस टिप्पणी के बाद आया, जिसमें सुप्रीम कोर्ट ने राहुल गांधी से कहा था कि “अगर आप सच्चे भारतीय होते, तो ऐसी बातें नहीं कहते।”

    राहुल गांधी का बचाव, सेना के सम्मान पर प्रियंका का बयान

    प्रियंका गांधी ने अपने भाई और कांग्रेस नेता राहुल गांधी का बचाव करते हुए कहा कि वह कभी भी भारतीय सेना के खिलाफ नहीं बोल सकते। उन्होंने स्पष्ट किया कि “राहुल को सेना के प्रति गहरा सम्मान है और उनकी बातों को गलत ढंग से पेश किया गया।” उन्होंने यह भी जोड़ा कि बतौर विपक्ष के नेता, सरकार से सवाल पूछना राहुल की जिम्मेदारी है और इसी कर्तव्य का पालन वह कर रहे हैं।

    Priyanka Gandhi का पलटवार! कौन सच्चा भारतीय? प्रियंका गांधी का सुप्रीम कोर्ट को जवाब, राहुल का बचाव

    पीएम मोदी ने बताया सुप्रीम कोर्ट की ‘बड़ी फटकार’

    वहीं संसद भवन में NDA संसदीय दल की बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी को ‘बड़ी फटकार’ करार दिया। उन्होंने कहा कि विपक्ष को अब समझ लेना चाहिए कि जनभावनाओं के खिलाफ बोलने का नतीजा क्या होता है। पीएम मोदी की इस टिप्पणी से यह साफ है कि भाजपा इस मुद्दे को सियासी मोर्चे पर भुनाने की तैयारी में है।

    क्या कहा था सुप्रीम कोर्ट ने?

    4 अगस्त को सुप्रीम कोर्ट में एक याचिका पर सुनवाई के दौरान न्यायमूर्ति दीपांकर दत्ता और जस्टिस ऑगस्टिन जॉर्ज क्रिस्टियन की पीठ ने राहुल गांधी की टिप्पणी पर नाराजगी जताई थी। उन्होंने पूछा था, “क्या आपके पास कोई प्रमाण है कि चीन ने 2000 वर्ग किलोमीटर भूमि पर कब्जा कर लिया है? यदि आप सच्चे भारतीय होते, तो ऐसी टिप्पणी नहीं करते।” कोर्ट ने हालांकि राहुल के खिलाफ लखनऊ कोर्ट में चल रही कार्यवाही पर स्थगन (Stay) भी दे दिया।

    सियासत और न्यायपालिका के बीच खिंचती रेखाएं

    यह पूरा विवाद अब एक संवेदनशील राजनीतिक बहस बन चुका है, जहां न्यायपालिका की टिप्पणियों पर राजनीतिक प्रतिक्रिया सामने आने लगी है। प्रियंका गांधी का बयान विपक्ष के उस भाव को दर्शाता है, जिसमें सरकार और न्यायपालिका के कथित गठजोड़ की आशंका जताई जा रही है। वहीं भाजपा इसे राष्ट्रभक्ति बनाम राष्ट्रविरोध की लड़ाई में बदलने की तैयारी में है।

  • Haryana News: कृष्ण लाल पंवार ने अपने बयान पर सफाई के लिए की अनिल विज से मुलाकात! माहौल में नजर आई नरमी

    Haryana News: कृष्ण लाल पंवार ने अपने बयान पर सफाई के लिए की अनिल विज से मुलाकात! माहौल में नजर आई नरमी

    Haryana News: हरियाणा के ग्रामीण विकास एवं पंचायत मंत्री कृष्ण लाल पंवार के बयान ने राजनीतिक बंदरबांट को जन्म दे दिया था। रोहतक में उन्होंने कहा था कि अनिल विज को किसी विधानसभा क्षेत्र की जिम्मेदारी नहीं दिए जाने का कारण उनका स्वास्थ्य ठीक न होना था। यह बात आते ही सियासी गलियारों में चर्चा का विषय बन गई। भाजपा ने हाल ही में प्रदेश में हारी चालीस दो सीटों पर कारणों को समझने के लिए विधायकों को जिम्मेदारी दी थी। विज का नाम उन में नहीं था और पंवार के बयान ने इस बात को और तूल दे दिया।

    बयान को गलत ढंग से पेश करने का आरोप

    बयान के वायरल होने के बाद पंवार ने इसका बचाव किया। उन्होंने कहा कि उनका बयान गलत तरीके से पेश किया गया। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका मकसद किसी को चोट पहुंचाना नहीं था। सियासी माहौल गरम था और विपक्ष ने भी इसका फायदा उठाने की कोशिश की। इस बीच अनिल विज की प्रतिक्रिया का इंतजार था। स्थिति को देखते हुए पंवार ने कोई समय बर्बाद न करते हुए सीधे विज के पास खुद जाकर मामला सुलझाने का निर्णय लिया।

    Haryana News: कृष्ण लाल पंवार ने अपने बयान पर सफाई के लिए की अनिल विज से मुलाकात! माहौल में नजर आई नरमी

    अंबाला में मुलाकात और सांकेतिक मेल-मिलाप

    रविवार की सुबह करीब ग्यारह बजे पंवार अंबाला पहुंचे और वहां सीधे परिवहन एवं बिजली मंत्री अनिल विज से मिले। यह मुलाकात उस समय हुई जब दोनों नेता एक साथ नजर आए। इस दौरान विज को गाना गाते भी देखा गया। इस मुलाकात से यह संदेश मिल रहा है कि किसी तरह का मनमुटाव यदि था तो उसे ठंडे दिमाग से सुलझाने की कोशिश की जा रही है। दोनों नेताओं की एक साथ मौजूदगी से प्रदेश की राजनीति में शांति को लेकर उम्मीद जग गई है।

    संगठन में अनुशासन और स्थिति को सामान्य बनाने की कोशिश

    भाजपा के अंदर हारी हुई सीटों के कारण नई जिम्मेदारियां दी जा रही थीं। ऐसे समय में एक बयान से संगठन में दरार की चर्चाएं होने लगी थीं। अब पंवार की विज से मुलाकात को एक कदम माना जा रहा है जो स्थिति को सामान्य कर सकता है। पार्टी नेतृत्व को भी यह सूचित होना चाहिए कि भीतर के मतभेद को सार्वजनिक रूप से न बढ़ाया जाए। मौजूदा समय में शांति बनाए रखना और विकास के मुद्दों पर ध्यान देना जरूरी हो गया है।

     आगे की राह और सियासी संकेत

    यह मुलाकात इस बात का संकेत भी है कि दोनों नेता आगे मिलकर काम करेंगे और बयान के कारण जो असमंजस बन गया था उसे पीछे छोड़कर आगे बढ़ने की कोशिश की जाएगी। प्रदेश की जनता भी इस बात को देख रही है कि नेता आपसी मतभेद को कैसे सुलझाते हैं। अब सवाल यह है कि यह मुलाकात सिर्फ सांकेतिक रही या इसके बाद मिलकर कोई ठोस कार्य योजना बनेगी। आने वाले दिनों में इससे जुड़े और संकेत सामने आएंगे।

  • Abhay Chautala: भाजपा कलेक्टर रेट में 10 से 133 प्रतिशत बढ़ोतरी कर जनता को खून के आंसू रुला रही है

    Abhay Chautala: भाजपा कलेक्टर रेट में 10 से 133 प्रतिशत बढ़ोतरी कर जनता को खून के आंसू रुला रही है

    चंडीगढ़। वीरवार को मुख्यमंत्री नायब सैनी द्वारा कलेक्टर रेट बढ़ाने पर इनेलो के राष्ट्रीय अध्यक्ष Abhay Chautala ने कहा कि सबका साथ सबका विकास का नारा देने वाली भाजपा सरकार विकास के नाम पर लगातार प्रदेश की जनता की जेब काटने का काम कर रही है। पहले ही प्रदेश की जनता महंगाई और बेरोजगारी की मार झेल रही है।

    भाजपा सरकार ने पिछले साल ही रेट बढ़ाए थे। अब कलेक्टर रेट में 10 से 133 प्रतिशत बढ़ोतरी करके जनता को घुटनों पर लाकर रुला रही है। भाजपा सरकार द्वारा प्रदेश में पिछले दिनों चार गुना बिजली के दामों की बढ़ोतरी अभी जनता के गले नहीं उतरी थी कि अब कलेक्टर रेट बढ़ा कर जनता पर एक और बोझ लाद दिया है। कलेक्टर रेट और बिजली दरों में की गई बेहिसाब बढ़ोतरी के लिए हरियाणा के मुख्यमंत्री और बिजली मंत्री ने जो कुतर्क दिए हैं उसका जवाब जनता आने वाले समय में सूद समेत देगी।

    Abhay Chautala: भाजपा कलेक्टर रेट में 10 से 133 प्रतिशत बढ़ोतरी कर जनता को खून के आंसू रुला रही है

    अभय सिंह चौटाला ने कहा कि भाजपा सरकार बड़े कॉरपोरेट घरानों और पूंजीपतियों की हितैषी सरकार है। इनको आम लोगो की परेशानियों से कोई लेना देना नहीं है। पिछले लगभग 11 साल से सत्ता पर काबिज भाजपा सरकार की असलियत इसी बात से पता लगाई जा सकती है कि इनकी जनविरोधी नीतियों और भयंकर भ्रष्टाचार के चलते प्रदेश पर चार लाख करोड़ कर्ज हो चुका है।

    अब भाजपा सरकार उस चार लाख करोड़ कर्ज की भरपाई भी प्रदेश की गरीब जनता से कर रही है। उसपर अचंभे वाली बात यह है कि चार लाख करोड़ रूपए का कर्ज लेने के बावजूद प्रदेश की सारी सडक़ें टूटी पड़ी हैं, एक बारिश में सभी शहर समुंद्र बन जाते हैं, सरकारी स्कूलों और अस्पतालों के खस्ता हालात पड़े हैं , सरकारी नौकरियां और रोजगार दे नहीं रही है। फिर वो कर्ज लिए लाखों करोड़ रूपए गए कहां? साफ है सारा पैसा भ्रष्टाचार करके डकार गए हैं।

  • Haryana: फिर बिफरे गब्बर परिवहन मंत्री अनिल विज! विज कहा- पूरे हरियाणा का दौरा करके कार्यकर्त्ताओं का हालचाल जानेंगे

    Haryana: फिर बिफरे गब्बर परिवहन मंत्री अनिल विज! विज कहा- पूरे हरियाणा का दौरा करके कार्यकर्त्ताओं का हालचाल जानेंगे

    Haryana: सूबे के परिवहन मंत्री गब्बर अनिल विज एक बार फिर से बिफर गए है। वे अपने ब्यानों के द्वारा अक्सर सरकार व संगठन की मुश्किलें बढ़ा देते हैं। सूत्रों की माने तो वे इसलिए नाराज हो गए है कि सरकार ने विधायक दल की बैठक में प्रदेश की हारी हुई सीटों पर अनेक विधायकों को तो प्रदेश के विभिन्न हलको का प्रभारी नियुक्त किया गया है लेकिन अनिल विज को कहीं का भी प्रभार नहीं दिया गया है। मीडियों से बातों ही बातों में उन्होंने अपनी नाराजगी को व्यक्त किया।

    मुझे एक हलका नहीं बल्कि पूरा हरियाणा देखना है

    विज ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि प्रदेश का मैं सबसे वरिष्ठ विधायक हूं। मैंने एक हलका नहीं बल्कि सारा हरियाणा देखना है। इसलिए मैं जल्द ही सारे हरियाणा का दौरा शुरू करने वाला हूं। इस दौरे के दौरान वे नए व पुराने कार्यकर्ताओं से मिलेंगे और उनका हालचाल जानेंगे। इसके अलावा वे उन अधिकारियों का भी हालचाल पूछेंगे जो सरकार की योजनाओं को क्रियान्वित नहीं कर रहे हैं। पत्रकारों ने जब उनसे पूछा कि भाजपा विधायक दल की बैठक में विधायकों व मंत्रियोंं को हलके आंबटित किए गए है और उस आबंटन में उनका नाम नहीं है। जिस पर जवाब देते हुए विज ने कहा कि वे सात बार के वरिष्ठ विधायक हैं। मैंने सारा हरियाणा देखना है, जबकि बाकी विधायकों को एक-एक हल्का दिया है।

    Haryana: फिर बिफरे गब्बर परिवहन मंत्री अनिल विज! विज कहा- पूरे हरियाणा का दौरा करके कार्यकर्त्ताओं का हालचाल जानेंगे

    अनेको बार सरकार से नाराज हो चुके हैं अनिल विज

    ऐसा नहीं हैं कि गब्बर अनिल विज पहली बार नाराज हुए हो। उनकी नाराजगी पहले भी अनेकों बार जाहिर हो चुकी है और वे अक्सर चर्चाओं में रहते हैं। उन्होंने नायब सरकार पर एक बार निशाना साधते हुए कहा था कि अधिकारी उनकी बात नहीं सुन रहे हैं। वहीं विज ने यह भी आरोप लगाया था कि हरियाणा विधानसभा चुनाव में अंबाला कैंट सीट से उन्हें हराने की कोशिश की गई थी लेकिन ऐसा करने वालों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई। अनिल विज ने आरोप लगाते हुए कहा था कि उन्हें आशंका है कि एक बड़े नेता के इशारे पर ऐसा किया गया था।वहीं उन्होंने यह भी कहा था कि पदभार संभालने के दिन से ही वह (सैनी) उड़नखटोला (हेलीकॉप्टर) पर सवार हैं। अगर वह नीचे उतरें, तो उन्हें लोगों की पीड़ा दिखाई देगी।ÓÓ जिस पर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा था कि अनिल विज से कोई नाराजगी नहीं है। अनिल विज हमारे वरिष्ठ नेता हैं। उन्हें अपनी बात कहने का अधिकार है।

    मनोहर लाल खट्टर से भी चलती रही तनातनी

    मनोहर लाल सरकार के साथ भी अनिल विज की तनातनी चलती रहती थी। साल 2021 में भी अनिल विज के विभाग से शहरी स्थानीय निकायों के विभाग से हटा दिया गया था। विज ने सीएम खट्टर पर खुद ये आरोप लगाए थे। विज ने ये भी कहा था कि मुख्यमंत्री ने उनसे गृह विभाग मांगा था, तब उन्होंने सभी विभागों से इस्तीफा देने की बात कही थी। विज ने सीएम खट्टर पर उनसे गृह विभाग हटाने का अभियान जारी रखने का भी आरोप लगाया था। विज और खट्टर के बीच ख्खुफिया विभाग के नियंत्रण को लेकर भी भिड़ंत हो गई थी लेकिन आखिरकार यह विभाग खट्टर के नियंत्रण में ही रहा था। फिर दोनों के बीच डीजीपी मनोज यादव की एक्सटेंशन को लेकर भी विवाद हो गया था। केंद्र ने यादव को एक साल का एक्सटेंशन दिया था।

    नायब सैनी के शपथ ग्रहण में शामिल नहीं हुए थे विज

    बीजेपी ने मनोहर लाल खट्टर को हटाकर नायब सिंह सैनी को हरियाणा का नया मुख्यमंत्री बनाया था। अनिल विज नायब सिंह सैनी को मुख्यमंत्री बनाने से नाराज थे। वे नायब सिंह सैनी के शपथ ग्रहण में शामिल नहीं हुए। वह वरिष्ठता के हिसाब से मुख्यमंत्री की दौड़ में सबसे आगे मानते थे। सामाजिक समीकरण और अपनी वरिष्ठता के आधार पर सीएम बनने की उम्मीद लगा रहे थे, लेकिन पार्टी ने ओबीसी समुदाय से आने वाले नायब सिंह सैनी के नाम पर मुहर लगा दी तो अनिल विज विधायक दल की बैठक छोड़कर निकल गए थे। हालांकि अब एक बार फिर बीजेपी की सरकार बनने के बाद विज को ऊर्जा एवं परिवहन मंत्री बनाया गया है।

  • Haryana News: चौटाला परिवार को फिर मिली जान से मारने की धमकी! मूसेवाला की मूर्ति बनी विवाद की जड़

    Haryana News: चौटाला परिवार को फिर मिली जान से मारने की धमकी! मूसेवाला की मूर्ति बनी विवाद की जड़

    Haryana News: हरियाणा की राजनीति में चौटाला परिवार का नाम हमेशा चर्चा में रहता है। लेकिन अब उन्हें बार-बार मिल रही जान से मारने की धमकियों ने राज्य में हड़कंप मचा दिया है। पहले इनेलो नेता अभय चौटाला को धमकी मिली और अब जेजेपी के युवा नेता दिग्विजय सिंह चौटाला को सोशल मीडिया पर खुलेआम जान से मारने की धमकी दी गई है। सबसे चौंकाने वाली बात ये है कि दिग्विजय को यह धमकी तब दी गई जब उन्होंने डबवाली क्षेत्र में प्रसिद्ध पंजाबी गायक सिद्धू मूसेवाला की प्रतिमा लगाने की घोषणा की थी।

    सोशल मीडिया पर भेजी गई धमकी के साथ वीडियो भी

    मीडिया रिपोर्ट्स और पुलिस सूत्रों के अनुसार यह धमकी किसी अज्ञात व्यक्ति ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर भेजी। वीडियो में दिखाया गया कि मूसेवाला की प्रतिमा पर फायरिंग हो रही है और यह स्पष्ट संदेश था कि अगर प्रतिमा लगाने की कोशिश की गई तो गंभीर परिणाम भुगतने होंगे। इस वीडियो के सामने आते ही पूरे राजनीतिक गलियारे में चिंता की लहर दौड़ गई। पुलिस और खुफिया एजेंसियां तुरंत हरकत में आ गईं और जांच शुरू कर दी गई।

    Haryana News: चौटाला परिवार को फिर मिली जान से मारने की धमकी! मूसेवाला की मूर्ति बनी विवाद की जड़

    मूसेवाला को प्रेरणा बताते हुए बोले चौटाला

    दिग्विजय सिंह चौटाला ने पत्रकारों से बात करते हुए इस धमकी को नकारात्मक ताकतों की साजिश बताया। उन्होंने साफ कहा कि, “हम डरने वाले नहीं हैं।” दिग्विजय ने मूसेवाला को हरियाणा और पंजाब के युवाओं के लिए प्रेरणास्त्रोत बताया और कहा कि उनकी मूर्ति जरूर स्थापित की जाएगी। उन्होंने जनता से अपील की कि ऐसे असामाजिक तत्वों के खिलाफ एकजुट होकर खड़े हों और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा करें।

    पुलिस ने बढ़ाई सुरक्षा और शुरू की जांच

    धमकी के बाद डबवाली और आस-पास के क्षेत्रों में चौकसी बढ़ा दी गई है। दिग्विजय सिंह चौटाला की सुरक्षा को भी तुरंत बढ़ा दिया गया है। पुलिस ने सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो की प्रामाणिकता जांचने के लिए साइबर सेल की मदद ली है और संदेश भेजने वाले की पहचान में भी तेजी लाई जा रही है। इस मामले में एफआईआर दर्ज हो चुकी है और आरोपी की तलाश में छापेमारी जारी है।

    जेजेपी कार्यकर्ताओं का फूटा गुस्सा

    दिग्विजय चौटाला को धमकी मिलने के बाद जेजेपी कार्यकर्ताओं में गुस्सा देखा गया। उन्होंने सड़कों पर उतरकर विरोध जताया और आरोपी की जल्द से जल्द गिरफ्तारी की मांग की। कई नेताओं ने इसे लोकतंत्र के खिलाफ हमला बताया और सरकार से इस मामले को गंभीरता से लेने की अपील की। फिलहाल यह देखना होगा कि पुलिस जांच कब तक नतीजा देती है और क्या आरोपी कानून के शिकंजे में आता है।

  • Haryana News: राम शरणम कॉलोनी विवाद में नया बवाल! राजनीतिक प्रभाव से कॉलोनी विकसित करने का आरोप

    Haryana News: राम शरणम कॉलोनी विवाद में नया बवाल! राजनीतिक प्रभाव से कॉलोनी विकसित करने का आरोप

    Haryana News: हरियाणा के हांसी में स्थित राम शरणम के पास की जमीन पर अवैध कॉलोनी विकसित करने के मामले में कांग्रेस नेता तेलु राम जांगड़ा ने बीजेपी विधायक विनोद भयाना पर सीधे आरोप लगाए हैं। जांगड़ा ने दावा किया कि विधायक की मौन सहमति से कॉलोनी विकसित की गई और इसमें फर्जी रजिस्ट्रियों का भी इस्तेमाल हुआ है। उन्होंने कहा कि इस पूरे मामले में एक सोची-समझी साजिश के तहत काम हुआ और इसका मकसद सरकारी जमीन पर कब्जा करना था।

    तेजी से आगे बढ़ी प्रक्रिया पर उठे सवाल

    जांगड़ा ने बताया कि 20 अप्रैल 2025 को एक एग्रीमेंट साइन किया गया और उसके बाद पूरी प्रक्रिया कुछ ही दिनों में पूरी कर ली गई। 20 मई को पंचायत से प्रस्ताव पास हुआ और 25 जून को सड़क निर्माण का टेंडर निकाला गया। 4 जुलाई को टेंडर खोला गया और 8 जुलाई को जमीन दान में दी गई। उसी दिन उसकी रजिस्ट्री भी हो गई। 9 जुलाई को इंतकाल हुआ और 21 जुलाई तक तहसीलदार से फाइनल अप्रूवल भी मिल गया।

    Haryana News: राम शरणम कॉलोनी विवाद में नया बवाल! राजनीतिक प्रभाव से कॉलोनी विकसित करने का आरोप

    दानपात्र बना नकली व्यक्ति

    कांग्रेस नेता ने इस पूरी प्रक्रिया को साजिश बताया और कहा कि नगर परिषद की तरफ से एक व्यक्ति राजकुमार को दानपात्र दिखाया गया जबकि असली हितग्राही कोई और है। जांगड़ा का आरोप है कि यह सब विधायक की जानकारी और समर्थन से हुआ। उन्होंने कहा कि इतनी जल्दी सरकारी दस्तावेजों की प्रक्रिया पूरी होना तभी संभव है जब राजनीतिक दबाव हो।

    विधायक विनोद भयाना का पलटवार

    बीजेपी विधायक विनोद भयाना ने सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। उन्होंने कहा कि वह इस पूरे मामले से अनजान हैं और जो भी आरोप लगाए गए हैं वे पूरी तरह झूठे हैं। भयाना ने साफ कहा कि “2012 में जब मैं सीपीएस था तब इस रोड का निर्माण हुआ था और अब उसे केवल चौड़ा किया जा रहा है।” उन्होंने मार्केटिंग बोर्ड से हुई ट्रांसफर प्रक्रिया की पुष्टि की और कहा कि यह डेढ़ साल पहले हुई थी और इसका पूरा रिकॉर्ड मौजूद है।

    राजनीति छोड़ने की चुनौती

    विनोद भयाना ने कहा कि वह सार्वजनिक जीवन में ईमानदारी से कार्य करते आए हैं और कोई भी आरोप यदि सिद्ध हो जाता है तो वह राजनीति से संन्यास ले लेंगे। उनका यह बयान इस विवाद में नया मोड़ लाता है क्योंकि अब पूरा मामला केवल जमीन पर कॉलोनी विकसित करने तक सीमित नहीं रहा बल्कि यह एक राजनीतिक प्रतिष्ठा का सवाल बन चुका है।

  • Kumari Selja ने उठाई आवाज – OBC, SC-ST के खिलाफ भाजपा की खतरनाक रणनीति उजागर

    Kumari Selja ने उठाई आवाज – OBC, SC-ST के खिलाफ भाजपा की खतरनाक रणनीति उजागर

    नई दिल्ली। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की महासचिव, पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं सिरसा की सांसद Kumari Selja ने कहा कि भाजपा सरकार की नीतियां एक बार फिर यह स्पष्ट करती हैं कि वह बहुजन समाज ओबीसी एससी एसटी वर्गों के प्रति एक सुनियोजित और भेदभावपूर्ण रणनीति पर काम कर रही है। हाल ही में सामने आए आंकड़े इस बात के पुख्ता प्रमाण हैं कि केंद्रीय विश्वविद्यालयों में इन वर्गों के लिए आरक्षित प्रोफेसर और एसोसिएट प्रोफेसर पद बड़ी संख्या में अब तक रिक्त हैं बावजूद इसके सरकार इन पदों को भरने की दिशा में कोई कदम नहीं उठा रही है जबकि भाजपा सरकार सबका साथ सबका विकास की बात करती है, सच्चार्ई तो यह है कि भाजपा बहुजन समाज के प्रति गंभीर नहीं है।

    मीडिया को जारी बयान में सांसद Kumari Selja ने कहा है कि प्रोफेसर पदों पर ओबीसी वर्ग के 80 प्रतिशत, एससी वर्ग के 83 प्रतिशत और एसटी वर्ग के 64 प्रतिशत पद खाली पड़े हैं, जबकि एसोसिएट प्रोफेसर के पदों पर भी एसटी वर्ग के 65 प्रतिशत,ओबीसी वर्ग के 69 प्रतिशत और एसटी वर्ग के 51 प्रतिशत पदों को आज तक भरा नहीं गया है। यह न केवल प्रशासनिक लापरवाही है, बल्कि एक गहरी साजिश भी प्रतीत होती है, जिसके माध्यम से बहुजन समाज को शिक्षा और निर्णय-निर्माण की प्रमुख संरचनाओं से जानबूझकर वंचित किया जा रहा है।

    Kumari Selja ने उठाई आवाज – OBC, SC-ST के खिलाफ भाजपा की खतरनाक रणनीति उजागर

    नॉट फांडंड सुटेबिल जैसे तर्क देकर सरकार लाखों योग्य अनुसंधानकर्ताओं और शिक्षित युवाओं का अपमान कर रही है। यह कहना कि इन वर्गों में योग्य उम्मीदवार नहीं हैं, न सिर्फ एक झूठा बहाना है, बल्कि भाजपा की बहुजन-विरोधी मानसिकता को उजागर करता है। कुमारी सैलजा ने कहा है कि केंद्र की यह सरकार केवल आरक्षण व्यवस्था को कमजोर नहीं कर रही, बल्कि यह भी कोशिश कर रही है कि समाज में यह सोच स्थापित कर दी जाए कि बहुजन समाज इन पदों के योग्य ही नहीं है। यह मानसिकता न केवल संविधान के मूल्यों के खिलाफ है, बल्कि सामाजिक न्याय की पूरी अवधारणा के लिए भी एक गंभीर खतरा है।

    सांसद कुमारी सैलजा ने कहा है कि कांग्रेस पार्टी इस सोच का पुरजोर विरोध करती है। हम यह स्पष्ट मांग करते हैं कि सभी रिक्त आरक्षित पदों को बिना किसी और देरी के तुरंत भरा जाए। यदि ऐसा नहीं किया गया, तो कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और नेता विपक्ष राहुल गांधी के नेतृत्व में हम सड़क से संसद तक जन आंदोलन चलाएंगे।

    साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से यह भी पूछा जाना चाहिए कि उन्होंने हर वर्ष दो करोड़ नौकरियां देने का जो वादा किया था, उसका क्या हुआ? यदि वादा निभाया गया होता, तो अब तक 22 करोड़ युवाओं को रोजगार मिल चुका होता। किंतु हकीकत यह है कि न केवल वह वादा खोखला साबित हुआ है, बल्कि बैकलॉग की नियुक्तियों को भी जानबूझकर टाल कर सरकार ने बहुजन समाज के युवाओं के भविष्य से विश्वासघात किया है। कांग्रेस सरकार से यह मांग करती है कि वह सबसे पहले बैकलॉग को पूरा करे और देश के करोड़ों युवाओं से किया गया रोजगार का वादा निभाए। अन्यथा जनता इसका जवाब 2024 की तरह ही आने वाले चुनावों में देगी।