Haryana: 36 साल बाद हाईकोर्ट का फैसला, पानीपत में किसान को बरसत रोड पर जमीन पर कब्जा मिला

Haryana: 36 साल बाद हाईकोर्ट का फैसला, पानीपत में किसान को बरसत रोड पर जमीन पर कब्जा मिला

Haryana: पानीपत में एक किसान को अपनी जमीन पर कब्जा मिलने की घटना सामने आई है। यह मामला दर्पण सिनेमा के पास की है, जहां पीडब्ल्यूडी ने किसान को करीब 36 साल बाद हाईकोर्ट के आदेश के बाद उनकी जमीन पर कब्जा दिलवाया। जमीन पर कब्जा दिलाने के लिए पीडब्ल्यूडी ने जेसीबी की मदद से सड़क पर गड्ढे खुदवाए। इस कार्रवाई के बाद सड़क की एक लेन बंद हो गई है, जिससे आम जनता को यातायात में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

किसान संजय गुप्ता की कानूनी लड़ाई

किसान संजय गुप्ता ने बताया कि पीडब्ल्यूडी ने उनके जमीन पर बिना एक्वायर और मुआवजा दिए ही सड़क का निर्माण किया था। इसके खिलाफ संजय गुप्ता और उनके भाई रजनीश व सतीश ने लंबे समय तक कानूनी लड़ाई लड़ी। जानकारी के अनुसार, किसान रामेश्वर ने करीब 36 साल पहले इस जमीन पर कब्जा दिलाने को लेकर कोर्ट में मामला दायर किया था। तब से यह मामला कोर्ट में लंबित था और अब हाईकोर्ट ने आदेश दिया कि किसान को उनकी जमीन पर कब्जा मिलना चाहिए।

Haryana: 36 साल बाद हाईकोर्ट का फैसला, पानीपत में किसान को बरसत रोड पर जमीन पर कब्जा मिला

हाईकोर्ट के आदेश के बाद हुई कार्रवाई

हाईकोर्ट के आदेश के बाद पीडब्ल्यूडी ने किसान को उनकी जमीन पर कब्जा दिलाया। बरसत रोड को फोर लेन बनाने के दौरान जिस जगह पर किसान को कब्जा दिलाया गया, वह लगभग 320 वर्ग गज जमीन है। पीडब्ल्यूडी द्वारा वहां पिलर लगाए गए हैं और जमीन की हदें साफ कर दी गई हैं, ताकि किसान अपनी जमीन का इस्तेमाल स्वतंत्र रूप से कर सकें। जेसीबी द्वारा देर शाम तक खुदाई की गई और जमीन को कब्जे में दिलाया गया।

सड़क बंद होने से हो रही परेशानी

हालांकि किसान को उनकी जमीन मिलने से उनकी कानूनी जीत हुई है, लेकिन सड़क की एक लेन बंद होने के कारण वहां से गुजरने वाले लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय प्रशासन को इस मामले में वैकल्पिक मार्ग या यातायात प्रबंधन सुनिश्चित करना होगा। वहीं, किसान संजय गुप्ता और उनके भाई अब अपनी जमीन पर स्वतंत्र रूप से किसी भी तरह का उपयोग कर सकते हैं, जो उनके लिए एक लंबी कानूनी लड़ाई के बाद मिली बड़ी सफलता है।

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