ताजा समाचारवायरलहरियाणा

न्याय की मांग करते हुए सिविल लाइन थाने का घेराव! 😤⚖️ अपहरण और अनुसूचित जाति जनजाति एक्ट के मामले में गिरफ्तारी नहीं होने से भड़के लोगों ने सिविल लाइन थाने को घेर लिया। पुलिस की निष्क्रियता के खिलाफ उठी आवाज!

न्याय की मांग करते हुए सिविल लाइन थाने का घेराव! 😤⚖️ अपहरण और अनुसूचित जाति जनजाति एक्ट के मामले में गिरफ्तारी नहीं होने से भड़के लोगों ने सिविल लाइन थाने को घेर लिया। पुलिस की निष्क्रियता के खिलाफ उठी आवाज!

Satyakhabarindia

Satya Khabar,Jind

जींद। आज बड़ी संख्या में लोगों ने यहां सिविल लाइन थाना प्रभारी पूजा और यहां थाने में तैनात जांच अधिकारी उप निरीक्षक नरेंद्र के खिलाफ सार्वजनिक मोर्चा खोल दिया। लोगों ने यहां थाने में पहुंचकर पुलिस अधिकारियों पर जमकर आरोप लगाए और कहा कि थाना प्रभारी थाना संभालने में पूरी तरह से विफल रही हैं। हालांकि सिविल लाइन थाना इंचार्ज और यहां के आईओ के खिलाफ पहले भी कई मामले आला पुलिस अधिकारियों के संज्ञान में आए हैं लेकिन इसके बावजूद पुलिस अधिकारियों ने सिविल लाइन थाना प्रभारी या यहां के जांच अधिकारियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की है। लोगों ने यहां पर सिविल लाइन थाने का घेराव करने का भी काम किया।

 

आईआईटियन बाबा ने कर्नाटक की प्रीतिका से की शादी

बता दें कि रधाना गांव के 20 वर्षीय युवक लक्ष्य ने पुलिस को दी शिकायत में कहा था कि उसका अजय, अनिल और विशाल के साथ करीब 6 महीने पहले रुपए के लेनदेन पर झगड़ा हुआ था। उस समय गांव में पंचायत हुई थी और पंचायत के सामने तीनों का उसके साथ कोई लेनदेन साबित नहीं हुआ लेकिन अजय, विशाल और अनिल लगातार 25 लाख रुपए लेने का दबाव बनाते रहे और फोन पर जान से मारने की धमकी देते रहे करीब डेढ़ महीना पहले अनिल व अजय स्कॉर्पियो गाड़ी में गांव में उसके घर पर आए और रात 10:00 बजे गाड़ी में ऊंची आवाज में घर के सामने गंदे गंदे गाने बजाने लगे और कहा कि 25 लाख रुपए दे दो नहीं तो तुझे खत्म कर देंगे। लक्ष्य ने इस बारे में पुलिस चौकी में शिकायत भी दी थी लेकिन पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की।

 

लक्ष्य के अनुसार 4 दिसंबर को दोपहर के समय जब वह अपने एक दोस्त सागर के साथ सफीदों रोड पर खड़ा था उसी समय अनिल और अजय मोटरसाइकिल पर आए और दोनों ने उसके साथ मारपीट की और उसे जबरन मोटरसाइकिल पर बैठ कर ले गए और उसके साथ लगातार मारपीट करते रहे। सफीदों रोड से आरोपी उसे सब्जी मंडी ले गए जहां पर विशाल पहले से गाड़ी लिया हुआ था और उसे गाड़ी में बिठाकर रोहतक रोड से बिरौली रोड पर ले गए जहां उसके साथ मारपीट कर उसके 3000 रुपए बैग से निकाल लिए। लक्ष्य का आरोप है कि इन लोगों ने उसकी वीडियो भी बनाई। बाद में वह उसे बिरौली से अशरफगढ़ होते हुए गांव में स्कूल के पास छोड़कर भाग गए। सिविल लाइन थाना पुलिस ने अजय, अनिल और विशाल के खिलाफ अपहरण करने और मारपीट करने का मामला दर्ज किया था।

खुद को भारतीय सेना का ‘मेजर’ बताकर लोगों को ठग रहा था, जासूसी एंगल भी सामने आया

इस मामले को लेकर आज सैंकड़ों की संख्या में लोग थाने पर जमा हो गए और उन्होंने आरोप लगाया कि इस मामले में जांच अधिकारी उप निरीक्षक नरेंद्र कुमार उन पर समझौते का दबाव बना रहा है। ‌उन्होंने थाना प्रभारी पर आरोप लगाया कि जब तक उन्होंने सीसीटीवी फुटेज नहीं दे दी तब तक उन्होंने मामला भी दर्ज नहीं किया। लोगों का आरोप है कि जांच अधिकारी ने उन्हें धमकी दिया कि अगर उन्होंने समझौता नहीं किया तो वह इस मामले को कैंसिल कर देंगे। लोगों को कहना है की घटना को करीब 10 दिन बीत गए हैं लेकिन इसके बावजूद आज तक आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया गया है जबकि जिन धाराओं में मामला दर्ज है उनमें 7 से लेकर 10 साल तक की कैद का प्रावधान है। इस गंभीर किस्म के अपराध में पुलिस पीड़ितों को ही दबाने और अपराधियों को हवा देने का काम कर रही है।

 

 

किसान, मजदूर और कमेरों के मसीहा थे चौ देवीलाल : अभय सिंह चौटाला

#JindNews #KidnappingCase #JusticeForVictim #SCSTAct #CivilLinesProtest #CrimeInHaryana

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button