3 और 4 अगस्त को हरियाणा में भारी बारिश की संभावना
सत्य खबर हरियाणा
Haryana Weather Update : हरियाणा में मानसून फिलहाल उत्तर और उत्तर-पूर्वी जिलों पर ज्यादा मेहरबान है, जबकि पश्चिमी हिस्सों में बारिश की रफ्तार अभी धीमी बनी हुई है। मौसम विभाग के चंडीगढ़ केंद्र के अनुसार 1 अगस्त को अंबाला और यमुनानगर में भारी बारिश की संभावना को देखते हुए यलो अलर्ट जारी किया गया है। इन जिलों में गरज-चमक के साथ तेज बारिश हो सकती है। दूसरी ओर हिसार, सिरसा और फतेहाबाद में केवल छिटपुट स्थानों पर हल्की बारिश की संभावना है। मौसम विभाग का कहना है कि प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बादल छाए रहेंगे और हल्की से मध्यम बारिश का दौर जारी रहेगा। 3 और 4 अगस्त से मानसून फिर सक्रिय होगा।
मौसम विभाग ने जुलाई मास खत्म होते ही इस महीने के बारिश के आंकड़े जारी करते हुए कहा है कि प्रदेश में जुलाई के दौरान 109.3 मिमी बारिश दर्ज की गई, जबकि इस महीने का सामान्य औसत 149.1 मिमी है। यानी पूरे प्रदेश में करीब 40 मिमी कम और 27 प्रतिशत कम बारिश हुई। इसका सबसे ज्यादा असर पश्चिमी और मध्य हरियाणा में दिखाई दिया, जहां अधिकांश जिलों में सामान्य से काफी कम वर्षा हुई। प्रदेश के 22 में से 15 जिलों में सामान्य से कम बारिश दर्ज की गई। सबसे ज्यादा कमी सिरसा (-74%), जींद (-66%) और रोहतक (-66%) में रही। हिसार में 45 प्रतिशत और कैथल में 43 प्रतिशत कम बारिश हुई। दूसरी ओर पलवल, कुरुक्षेत्र और फरीदाबाद जैसे जिलों में सामान्य से अधिक वर्षा दर्ज की गई।
कम बारिश से फसलों को नुकसान
सिरसा, हिसार, फतेहाबाद, जींद और रोहतक का बेल्ट कपास और बाजरे का प्रमुख क्षेत्र है। यहां सामान्य से काफी कम बारिश दर्ज होने से सिंचाई पर निर्भरता बढ़ेगी। हिसार और सिरसा जैसे जिलों में जुलाई की कमी अगस्त में पूरी नहीं हुई तो खरीफ फसलों पर असर पड़ सकता है।
मौसम वैज्ञानिक डॉ. मदन खीचड़ ने बताया कि वर्तमान में मानसून टर्फ की अक्षीय रेखा जैसलमेर, रायसेन, विदर्भ और बंगाल की खाड़ी तक बनी हुई है। साथ ही राजस्थान के ऊपर साइक्लोनिक सर्कुलेशन सक्रिय है, जिससे हरियाणा में नमी वाली हवाएं कम पहुंच रही हैं। 1 अगस्त की रात से पूर्वी हवाएं ओडिशा, बिहार और उत्तर प्रदेश की ओर से हरियाणा में प्रवेश करेंगी। इसके प्रभाव से 2 अगस्त से 5 अगस्त तक प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में मूसलाधार और भारी बारिश होने की प्रबल संभावना है।
हरियाणा में अधिकतम तापमान
कल दिन में प्रदेश भर में बादलों की आवाजाही के कारण औसत अधिकतम तापमान में पहले दिन के मुकाबले 1.3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई। सिरसा 36.4 डिग्री सेल्सियस के साथ प्रदेश का सबसे गर्म शहर रहा। अंबाला में अधिकतम तापमान 35.8, हिसार में 35.1, करनाल और पलवल में 33.2, नारनौल में 36.0, रोहतक और फरीदाबाद में 34.5, चरखी दादरी में 34.7, फतेहाबाद में 33.3, गुरुग्राम में 34.0, झज्जर और सोनीपत में 32.6, जींद में 34.2, कैथल में 33.1, नूंह में 32.7, पंचकूला में 33.0 और रेवाड़ी में 31.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
प्रदेश में न्यूनतम तापमान
मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश के न्यूनतम तापमान में पहले दिन के मुकाबले 1.6 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि दर्ज की गई है और इसके बावजूद यह सामान्य के आसपास बना हुआ है। मौसम विभाग के अनुसार भिवानी में प्रदेश का सबसे कम न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। प्रदेश में सिरसा की रातें सबसे गर्म रही यहां पर न्यूनतम तापमान 30 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। प्रदेश के अंबाला में न्यूनतम तापमान 27.8, हिसार में 28.6, करनाल में 27.5, नारनौल मे 26.0, रोहतक में 28.2, सिरसा में 30.0, चरखी दादरी में 28.1, फरीदाबाद में 29.0, फतेहाबाद में 28.4, गुरुग्राम में 25.9, झज्जर में 27.2, जींद में 28.3, कैथल में 27.3, नूंह में 28.5, पलवल में 28.3 और सोनीपत में 27.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
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