हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी का झांसा देकर ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश

जांचकर्ता ने बताया कि गांव डोहकी निवासी मोहित ने अपनी शिकायत में बताया था कि मेरा अकाउंट एचडीएफसी बैंक में है। 20 जुलाई 2021 को मेरे मोबाईल नम्बर पर एक काल आई थी जो कि हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी के लिए थी। पॉलिसी के लिए 33330 रुपये बताए थे और मेरे मोबाईल नम्बर पर एक लिंक भी आया था। 20 जुलाई को लिंक के जरिए 16665 रुपए दो बार मेरे खाते से कट गये व 20 जुलाई के फिर से 33330 रुपए कट गए।

इसके बाद 21 जुलाई को दो बार लिंक आया जिससे 33330 रुपए दो बार खाते से कट गए। 22 जुलाई को फिर से लिंक आया व दो बार 49995 रुपए करके मेरे अकाउंट से कट गए। उसके अकाउंट से कुल 233310 रुपए कट गए थे। मोहित ने धोखाधड़ी की शिकायत साइबर थाना रेवाड़ी में दर्ज कराई थी।

शिकायत की जांच करते हुए साइबर थाना पुलिस ने मंगलवार को बिहार के जिला भागलपुर के गांव आर्य टोला हाल संदीप एंक्लेव बहरामपुर गाजियाबाद उत्तर प्रदेश निवासी विशाल कुशवाहा को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में पता लगा कि विशाल कुशवाहा ने गाजियाबाद से बीसीए की थी और वेबसाइट बनाने का काम करता था।

फरवरी 2021 को गाजियाबाद की माता कालोनी विजयनगर निवासी अजय कुमार व दिल्ली के पश्चिम विनोद नगर निवासी प्रिया कुमारी उसके पास हेल्थ इंश्योरेंस की वेबसाइट बनवाने के लिए आए थे। दोनों ने बताया था कि वे हेल्थ इंश्योरेंस के नाम पर लोगों धोखाधड़ी करते है और काफी कमाई होती है। दोनों ने उसे भी अपना पार्टनर बना लिया और तीनों मिल कर ठगी करने लगे। प्रिया लोगों से हेल्थ इंश्योरेंस कंपनी की कर्मचारी बन फर्जी मोबाइल नंबर से बात कर अपनी बातों में उलझाती थी और विशाल व अजय लोगों को विश्वास दिला देते थे।

डोहकी निवासी मोहित से भी पहले प्रिया ने बात की थी। मोहित द्वारा लिंक के जरिए रुपये जमा कराने के बाद भी तीनों जमा नहीं होने की बात कह कर दो-तीन दिन तक रुपये जमा कराते रहे थे। मोहित से ठगी गई राशि में से एक लाख 20 हजार रुपये विशाल को मिले थे। आरोपी और भी कई लोगों के साथ ठगी कर चुके है। पुलिस ने आरोपी विशाल को अदालत में पेश किया, जहां से उसे दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। रिमांड के दौरान आरोपी के अन्य साथियों के बारे में पूछताछ की जाएगी।

 

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