Rajnath Singh Sagar Mission: करवार से उठेगा सागर मिशन का परदा! भारत की समुद्री शक्ति को मिलेगा नया रूप

Rajnath Singh Sagar Mission: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह शनिवार को कर्नाटक के करवार नेवल बेस से इंडियन ओशन वेसल सागर को रवाना करेंगे. यह मिशन समुद्री सुरक्षा और अंतरराष्ट्रीय सहयोग को मजबूत करने के उद्देश्य से शुरू किया जा रहा है. करवार नेवल बेस रणनीतिक रूप से बेहद अहम माना जाता है और यहीं से इस मिशन की शुरुआत की जाएगी.
NS सुनयना को मिलेगी बड़ी जिम्मेदारी
रक्षा मंत्री INS सुनयना को सागर मिशन के तहत रवाना करेंगे जिसमें कुल 44 सैनिक तैनात रहेंगे. इस मिशन के लिए समुद्र और ज़मीन पर अलग-अलग चरणों में प्रशिक्षण भी दिया गया है. इस मिशन का मकसद है भारत के समुद्री पड़ोसी देशों से रिश्ते और मजबूत करना और पूरे हिंद महासागर क्षेत्र में शांति और सुरक्षा कायम करना.
सागर मिशन देगा नए संबंधों को मजबूती
रक्षा मंत्रालय ने बताया कि IOS सागर मिशन भविष्य में हिंद महासागर क्षेत्र की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाएगा. यह भारत की उस नीति का हिस्सा है जो कहती है कि पूरे क्षेत्र में सभी की सुरक्षा और विकास होना चाहिए. यह पहल भारत की समुद्री नीतियों में एक बड़ा कदम माना जा रहा है.
सेना को भविष्य के लिए तैयार रहना होगा
कुछ दिन पहले टॉप मिलिट्री कमांडर्स की बैठक में रक्षा मंत्री ने कहा था कि सेना को भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार रहना होगा. उन्होंने कहा कि बदलते हुए सुरक्षा हालातों को देखते हुए सेनाओं को अपना प्लान हमेशा अपडेट करते रहना चाहिए. इसके लिए जरूरी है कि रणनीति में वक्त के अनुसार बदलाव किए जाएं.
हाइब्रिड वॉरफेयर बनेगा भविष्य का हिस्सा
राजनाथ सिंह ने कहा कि आने वाले समय में पारंपरिक युद्ध के साथ-साथ हाइब्रिड और असममित युद्ध भी देखने को मिल सकते हैं. मौजूदा समय में दुनिया जिस तरह जुड़ी हुई है उसमें किसी भी देश की हलचल बाकी दुनिया को प्रभावित करती है. इसलिए भारत को भी अपनी सेनाओं को इसी सोच के साथ तैयार करना होगा.