Severe Punjab Floods: पंजाब में बाढ़ की मार, Haryana ने तुरंत कदम उठाया और भेजी राहत सामग्री, CM नायब सैनी बोले – हम साथ हैं

Severe Punjab Floods: हरियाणा के मुख्यमंत्री नैब सिंह सैनी ने बुधवार को बाढ़ प्रभावित पंजाब के लिए राहत सामग्री से भरे 20 ट्रक को हरी झंडी दिखाई। ये ट्रक विभिन्न जिलों में भेजे गए हैं। इन ट्रकों में दालें, चावल, पानी, जूस, अचार, दवाईयां, मच्छरदानी, तिरपाल, जानवरों के लिए हरा चारा, भूसा और अन्य दैनिक उपयोग की वस्तुएं शामिल हैं।
हरियाणा ने पंजाब, हिमाचल और जम्मू-कश्मीर को दिया 5 करोड़ का सहायता
सीएम सैनी ने कहा कि पंजाब, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर के लोग बाढ़ से गंभीर रूप से प्रभावित हुए हैं। हरियाणा के नागरिकों, सामाजिक संगठनों और अन्य संस्थाओं के सहयोग से राहत सामग्री भेजी जा रही है। उन्होंने बताया कि हरियाणा सरकार ने पंजाब, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर को तत्काल सहायता के रूप में 5 करोड़ रुपये प्रदान किए हैं।

सीएम सैनी ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर तस्वीरें साझा करते हुए लिखा, “सेवा परमो धर्म! प्राकृतिक आपदा के इस कठिन समय में ‘सेवा सर्वोपरि’ के मंत्र का पालन करते हुए आज कुरुक्षेत्र से ट्रकों के माध्यम से बाढ़ प्रभावित पंजाब के लोगों और जानवरों के लिए राहत सामग्री भेजी गई। मैं हरियाणा के लोगों और भाजपा कार्यकर्ताओं का आभार व्यक्त करता हूं, जो पड़ोसी होने का कर्तव्य निभाते हुए पंजाब, जम्मू-कश्मीर और हिमाचल प्रदेश में राहत कार्य में मदद कर रहे हैं।”
केंद्र सरकार की घोषणा: 3,100 करोड़ की सहायता
केंद्र सरकार की ओर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को 3,100 करोड़ रुपये की सहायता की घोषणा की, जिसमें से 1,600 करोड़ रुपये पंजाब और 1,500 करोड़ रुपये हिमाचल प्रदेश के लिए आवंटित किए गए। सीएम सैनी ने कहा कि हरियाणा में पानी में डूबी जमीनों के नागरिकों और किसानों को भी मुआवजा दिया जा रहा है। इसके लिए ई-कम्पेंसेशन पोर्टल शुरू किया गया है, जिसके माध्यम से प्रभावित नागरिक आवेदन कर सकते हैं। अब तक 5,786 गांवों के 3,24,583 किसानों ने 19,22,617 एकड़ फसल नुकसान की रिपोर्ट दी है।
मृतकों के परिवारों को 4 लाख रुपये का मुआवजा
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्राकृतिक आपदा में जान गंवाने वाले लोगों के परिवारों को तुरंत 4 लाख रुपये प्रति परिवार दिए जा रहे हैं। इसके अलावा, सभी प्रकार के नुकसान के लिए मुआवजा तय किया गया है। उन्होंने कहा कि पिछले 10 वर्षों में किसानों को फसल नुकसान के लिए कुल 15,500 करोड़ रुपये का मुआवजा दिया गया। सैनी ने राज्य सरकार के सभी अधिकारियों और कर्मचारियों से भी अपील की कि वे स्वेच्छा से मुख्यमंत्री राहत कोष में योगदान दें ताकि बाढ़ पीड़ितों की मदद की जा सके।