Delhi Blast Case में मेवात से मौलाना और एक महिला समेत तीन गिरफ्तार
Delhi Blast Case में मेवात से मौलाना और एक महिला समेत तीन गिरफ्तार

Delhi Red Fort Car Blast करने वाले फिदायीन डॉक्टर उमर नबी को लेकर जांच जारी है। जांच एजेंसियों ने अब उस महिला को भी हिरासत में लिया है। जिसने नूंह में आतंकी उमर नबी को रहने के लिए किराए पर कमरा दिया था। इस बीच फरीदाबाद पुलिस की क्राइम ब्रांच ने नूंह जिले के घासेड़ा गांव के दो लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है। दोनों को सोहना के रायपुर गांव स्थित शाही जामा मस्जिद से उठाया गया।
दिल्ली में लाल किले के नजदीक कार से ब्लास्ट को अंजाम देने वाले उमर उन नबी को नूंह में शोएब नाम के एक शख्स की सिफारिश पर कमरा मिला था। नूंह में किराए पर कमरा लेकर उमर उन नबी करीब 10 दिनों तक वहां पर रुका था। फिदायीन बने उमर उन नबी को कमरा देने के मामले में अब जांच एजेंसियों ने अफसाना नाम की एक महिला को हिरासत में लिया है। जांच एजेंसियां अफसाना से पूछताछ कर रही हैं। वह दिल्ली विस्फोट के बाद से फरार थी।आतंकी घटना के बाद अफसाना का परिवार भी जांच के दायरे में है।
दिल्ली कार ब्लास्ट में सुसाइड बॉम्बर बना डॉ. उमर उन नबी हिदायत कॉलोनी में रुका था। उसे शोएब के कहने पर अफसाना ने कमरा दिया था। दिल्ली घटना के दो दिन बाद अफसाना अपने घर से फरार हो गई थी। ऐसा माना जा रहा है कि अफसाना की पूछताछ में आतंकी डाॅक्टर के 10 दिन रुकने के राज खुलने की पूरी संभावना है। इस मामले में अभी कई और आरोपी जांच एजेंसियों की निगरानी में हैं। जांच एजेंसियों ने उन्हें भी राउंड अप किया है। उन्हें जरूरत पड़ने पर पूछताछ के लिए बुलाया जाएगा।
कौन हैं अफसाना?
नूंह की हिदायत कॉलोनी में रहने वाली अफसाना मूलरूप से गोलपुरी गांव की रहने वाली है। अफसाना का पति ट्रक चालक है। उसकी एक 12 साल की बेटी भी है। अफसाना अपने पिता के नूंह की हिदायत कालोनी स्थित मकान की देखरेख करती है। उसी ने अपने रिश्तेदार शोएब की सिफारिश पर अल- फलाह यूनिवर्सिटी के डा उमर नबी को किराये पर कमरा दिलाया था। शोएब अल-फलाह यूनिवर्सिटी में बतौर इलेक्ट्रशियन काम करता था। अफसाना ब्लास्ट की घटना के बाद बेटी के साथ मकान छोड़कर फरार हो गई थी। दिल्ली ब्लास्ट के बाद केंद्रीय सुरक्षा और जांच एजेंसियों ने शोएब को अरेस्ट किया था। उमर को किराए पर कमरा देने वाली अफसाना की उम्र 35 साल के करीब है। अफसाना का मायका इंडरी खंड के गोलपुरी गांव में है।
घासेड़ा से दो गिरफ्तार
अब फरीदाबाद पुलिस की क्राइम ब्रांच ने नूंह जिले के घासेड़ा गांव के दो लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है। दोनों को सोहना के रायपुर गांव स्थित शाही जामा मस्जिद से उठाया गया। क्राइम ब्रांच को इनपुट मिला था कि ब्लास्ट का आरोपी डॉ. उमर सोहना के रायपुर स्थित शाही जामा मस्जिद में नमाज़ अदा करने जाता था। इस जानकारी के बाद पुलिस ने मस्जिद के मौलाना तैय्यब हुसैन और उर्दू शिक्षक फरहान को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया। दोनों ही नूंह के घासेड़ा गांव के रहने वाले बताए जा रहे हैं।
भाई बोला, मस्जिद में कोई भी आ सकता है
मौलाना तैय्यब हुसैन के छोटे भाई ने कहा कि उनका इस मामले से कोई संबंध नहीं है। उनका कहना है कि शाही जामा मस्जिद हाईवे पर स्थित है, इसलिए यहां कोई भी व्यक्ति नमाज़ पढ़ने आ सकता है। मेवात का सच्चा मुसलमान देशभक्त है और देश के लिए जान देने को तैयार है, लेकिन देश से गद्दारी नहीं कर सकता। यदि परिवार के लोग किसी गलत गतिविधि में शामिल पाए जाते हैं तो उन्हें कड़ी सजा मिलनी चाहिए, लेकिन अगर वे निर्दोष हैं तो उन्हें तुरंत रिहा किया जाना चाहिए।