ईरान संकट के बीच भारतीयों की सुरक्षित वापसी पर सरकार अलर्ट मोड में

ईरान में जारी राजनीतिक उथल पुथल और व्यापक विरोध प्रदर्शनों के बीच भारत सरकार ने अपने नागरिकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। हालात लगातार बिगड़ते देख सरकार ने ईरान में रह रहे भारतीयों की स्वदेश वापसी की तैयारी शुरू कर दी है। विदेश मंत्रालय के सूत्रों ने गुरुवार को बताया कि मौजूदा परिस्थितियों को देखते हुए उन भारतीय नागरिकों को वापस लाने की योजना बनाई जा रही है जो भारत लौटना चाहते हैं। इससे एक दिन पहले ही भारत सरकार ने अपने नागरिकों को ईरान की यात्रा न करने की सलाह दी थी और वहां रह रहे भारतीयों से कहा गया था कि वे किसी भी संभव माध्यम से देश छोड़ने पर विचार करें। सरकार हालात पर लगातार नजर बनाए हुए है और हर जरूरी कदम उठाने की बात कह रही है।
हिंसक कार्रवाई और बड़ी संख्या में भारतीय नागरिक ईरान में मौजूद
एमनेस्टी इंटरनेशनल और अन्य मानवाधिकार संगठनों के अनुसार ईरान में सुरक्षा बलों की कार्रवाई में अब तक दो से तीन हजार प्रदर्शनकारियों की मौत हो चुकी है और दस हजार से ज्यादा लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इस बीच चिंता की बात यह है कि ईरान में करीब आठ से दस हजार भारतीय नागरिक रहते हैं। इनमें लगभग तीन हजार मेडिकल छात्र शामिल हैं। इसके अलावा चार हजार अन्य छात्र भी वहां पढ़ाई कर रहे हैं। करीब दो हजार भारतीय मछुआरे हैं और इनके अलावा व्यापारी पर्यटक और शिया तीर्थयात्री भी ईरान में मौजूद हैं। इतनी बड़ी संख्या में भारतीयों की मौजूदगी को देखते हुए सरकार किसी भी जोखिम से बचना चाहती है और समय रहते सुरक्षित वापसी सुनिश्चित करने की कोशिश कर रही है।

दूतावास की सलाह और संभावित निकासी योजना
विदेश मंत्रालय ने भारतीय दूतावास के माध्यम से ईरान में मौजूद नागरिकों को अनावश्यक यात्रा से बचने और दूतावास के संपर्क में रहने की सलाह दी है। भारतीय नागरिक सहायता के लिए दूतावास को ईमेल के जरिए संपर्क कर सकते हैं। सरकार विशेष उड़ानों या अन्य माध्यमों से निकासी की योजना बना रही है। जरूरत पड़ने पर नागरिक विमानों के साथ साथ भारतीय वायुसेना के विमानों का भी इस्तेमाल किया जा सकता है। इससे पहले भी ऐसे हालात में भारत ने अपने नागरिकों को सुरक्षित निकाला है। पिछले साल ईरान और इजरायल के बीच संभावित संघर्ष के दौरान ऑपरेशन सिंधु चलाया गया था जिसके तहत तेहरान से करीब 3600 भारतीयों को सुरक्षित भारत लाया गया था। उसी दौरान इजरायल से भी करीब 800 भारतीयों को वापस लाया गया था।
इजरायल में भी अलर्ट, भारतीय नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह
ईरान के साथ साथ इजरायल में भी हालात को देखते हुए भारतीय दूतावास ने अपने नागरिकों के लिए एडवाइजरी जारी की है। अमेरिका और ब्रिटेन के दूतावासों ने भी अपने अपने नागरिकों को सतर्क रहने को कहा है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जारी संदेश में भारतीय दूतावास ने कहा कि मौजूदा हालात को देखते हुए इजरायल में रह रहे सभी भारतीय नागरिक सतर्क रहें और स्थानीय प्रशासन तथा होम फ्रंट कमांड द्वारा जारी सुरक्षा निर्देशों का सख्ती से पालन करें। भारतीय नागरिकों को गैर जरूरी यात्रा से बचने की भी सलाह दी गई है। किसी भी आपात स्थिति में भारतीय दूतावास की चौबीसों घंटे चलने वाली हेल्पलाइन पर संपर्क किया जा सकता है। दूतावास ने स्पष्ट किया है कि सरकार हर हाल में अपने नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।