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ईएसआई ने खुद को सर्विस रिवाल्वर से मारी गोली, मौत

खाना खाने के लिए थाने में गया था, वहीं मारी कनपटी पर गोली

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ESI Sucide : कलानौर थाने में तैनात ईएसआई ने खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। गोली लगने के बाद गंभीर हालत में कलानौर अस्पताल में भर्ती करवाया गया, जहां से गंभीर हालत को देखते हुए रोहतक पीजीआई रेफर किया गया, जहां उन्होंने दम तोड़ दिया। कलानौर थाने में तैनात कर्मचारियों में इस घटना से हड़कंप मच गया।
बताया गया है कि ईएसआई डायल 112 पर ड्यूटी पर तैनात था। कलानौर थाने में एफएसएल के आने से पहले गेट बंद कर दिया गया और मीडिया की एंट्री बंद कर दी गई।

बताया गया है कि पुलिसकर्मी ने खुद को सर्विस रिवॉल्वर से गोली मार ली। कुलदीप मूलरूप से झज्जर जिले के डीघल गांव के रहने वाले थे। फिलहाल वह रोहतक स्थित झज्जर चुंगी पर कमला नगर में रह रहे थे। उनके 3 बच्चे हैं। परिवार का कहना है कि उन्होंने यह कदम क्यों उठाया, इसकी जांच होनी चाहिए, क्योंकि उन पर किसी तरह का पारिवारिक तनाव नहीं था। वह डायल 112 में तैनात थे। वह रोज की तरह सोमवार को भी ड्यूटी पर निकले थे।

वह खाना खाने के लिए कलानौर थाने में गए थे। यहीं उन्होंने सर्विस रिवॉल्वर से अपनी कनपटी में गोली मार ली। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस शव को पीजीआई ले आई। पुलिस ने फिलहाल थाने के दरवाजे बंद कर दिए हैं। मीडिया के प्रवेश पर भी रोक लगा दी है। पुलिसकर्मी ने खौफनाक कदम क्यों उठाया? फिलहाल पुलिस इसकी जांच कर रही है।

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कुलदीप कलानौर थाने में डायल 112 पर तैनात थे। इससे पहले उनकी पोस्टिंग लाखन माजरा थाने में थी। करीब 15 साल पहले डीघल गांव से रोहतक आकर बस गए थे। शुरुआत में वह शिवाजी कॉलोनी में रहे। बाद में कमला नगर में रहने लगे। पिछले लंबे समय से वह यहीं अपने परिवार के साथ रह रहे थे।

पैतृक गांव में होगा अंतिम संस्कार

चचेरे भाई प्रवीण ने बताया कुलदीप छह भाइयों में से एक थे। एक भाई का पहले निधन हो चुका है। 3 भाई कमला नगर में ही रहते हैं, जबकि दो भाई डीघल गांव में रहते हैं। कुलदीप अपने पीछे तीन बच्चों को छोड़ गया है, जिनमें दो बेटियां और एक बेटा है। कुलदीप का अंतिम संस्कार डीघल में ही किया जाएगा। कुलदीप को किसी तरह का मानसिक तनाव नहीं था। वह सामान्य जीवन जी रहे थे।

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