
पानीपत जिला इनेलो के अध्यक्ष कुलदीप राठी के भाई और सरकारी अस्पताल में कार्यरत नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉक्टर जयदीप राठी की हत्या के मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। पुलिस के अनुसार डॉक्टर जयदीप राठी की हत्या 27 दिसंबर को ही कर दी गई थी। इसके बाद शव को भट्ठी में जलाकर अधजली डेडबॉडी को नहर में खुद-बुर्द करने के लिए फेंक दिया। जयदीप राठी 9 दिन पहले 27 दिसंबर को घर से सुबह 9 बजे अपने फार्महाउस पर जाने के लिए निकले थे।
डॉ जयदीप राठी के अपहरण के अगले दिन 28 दिसंबर को पुलिस ने उनकी कार को पंजाब के डेराबस्सी स्थित टोल से बरामद की थी। जिसके बाद पानीपत से पंजाब तक पुलिस की टीम ने CCTV कैमरे की फुटेज भी खंगाली थी। कुलदीप राठी ने थाना प्रभारी पर कार्रवाई न करने के आरोप लगाए थे। उनका कहना है कि तीन माह पहले उनके फार्म हाउस पर हमला हुआ था। उस मामले की प्राथमिकी भी आज तक दर्ज नहीं हुई। SP ने प्रभारी बलजीत को लाइन हाजिर किया था।
इनेलो जिलाध्यक्ष कुलदीप राठी ने बताया कि उनके छोटे भाई जयदीप राठी के अपहरण के मामले में चार आरोपी प्रीतम, रविंद्र राठी उर्फ रवि, सुनील शर्मा और हरेंद्र राठी को पुलिस ने शुक्रवार को 1 दिन के पुलिस रिमांड पर लेकर पूछताछ की है। पुलिस ने रिमांड अवधि समाप्त होने पर चारों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया। पुलिस ने गहनता से पूछताछ करने के लिए सुनील, रविंद्र और हरेंद्र का 5 दिन का पुलिस रिमांड मांगा। न्यायालय ने चारों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया।
बेटे प्रतीक ने गुमशुदगी की शिकायत के अलावा दूसरी शिकायत दी, जिसमें बताया कि फुटेज देखने से पता चला कि उसके पिता खुद नहीं गए, बल्कि उनका अपहरण किया गया है। आरोप है कि जसवंत उर्फ जस्सी अम्बाला, प्रीतम, रवि, सुनील व अन्य उनकी जमीन हड़पना चाहते हैं, इन्हीं ने अपहरण किया है। पुलिस ने इस शिकायत के बाद बीएनएस 127 में 140 (3) धारा इजाद की। बेटे ने बताया कि पिता जयदीप राठी के पास लाइसेंसी पिस्तौल थी। बरामद कार में पिस्तौल नहीं मिली। सिर्फ कवर और 5 कारतूस मिले। फिर इस मामले में बीएनएस की धारा 61 (2) इजाद की गई।
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इनेलो जिलाध्यक्ष कुलदीप राठी के भाई डॉ. जयदीप राठी की हत्या के मामले में देर रात आरोपियों और पुलिस के बीच मुठभेड़ हो गई। पुलिस ने दो आरोपियों को काबू किया है। जिनमें से एक के पैर में गोली लग गई जबकि तीसरा आरोपी फरार हो गया। बताया जा रहा है कि पुलिस ने यमुनानगर के चहरवाला गांव से एक आरोपी जसविंदर को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो हत्या की वारदात का खुलासा हुआ। जिसके बाद डीएसपी समालखा नरेंद्र कादियान ने कुलदीप राठी को इसकी जानकारी दी, साथ ही अन्य आरोपियों की तलाश शुरू की थी। इस बीच देर रात पुलिस को दो आरोपियों के पानीपत के रिफाइनरी रोड़ पर होने की सूचना मिली। सीआईए-1 और 2 की टीमें वहां पहुंची तो आरोपियों के साथ मुठभेड़ हो गई, जिसमें आरोपी गुरदर्शन के पैर में गोली लगने से वह घायल हो गया। वहीं उसका साथी बलजीत मौके से भाग निकला। मुठभेड़ के बाद जसविंदर और गुरदर्शन को गिरफ्तार कर लिया है। इस मामले में पुलिस ने अब तक छह लोगों को गिरफ्तार कर लिया है।