राष्ट्रीय
पीयूष गोयल की कनाडा यात्रा से व्यापारिक रिश्तों में नई उम्मीद, जल्द होगा बड़ा समझौता


केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री Piyush Goyal ने कनाडा दौरे के दौरान प्रधानमंत्री Mark Carney से महत्वपूर्ण मुलाकात की। इस बैठक में दोनों देशों के बीच व्यापक आर्थिक साझेदारी समझौते (CEPA) को आगे बढ़ाने पर विस्तृत चर्चा हुई। यह दौरा 25 से 27 मई तक चल रहा है, जिसमें एक बड़ा भारतीय व्यापार प्रतिनिधिमंडल भी शामिल है। इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य भारत और कनाडा के आर्थिक संबंधों को नई मजबूती देना और व्यापारिक अवसरों का विस्तार करना है।
बैठक के दौरान दोनों नेताओं ने भारत-कनाडा CEPA समझौते को जल्द अंतिम रूप देने पर जोर दिया। पीयूष गोयल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से शुभकामनाएं देते हुए कहा कि कनाडा के प्रधानमंत्री की हालिया भारत यात्रा ने दोनों देशों के बीच विश्वास और साझेदारी को मजबूत किया है। उन्होंने कहा कि इस समझौते से व्यापार, निवेश और आर्थिक सहयोग के नए रास्ते खुलेंगे, जिससे दोनों देशों को लाभ होगा।

कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने कहा कि भारत के साथ फ्री ट्रेड एग्रीमेंट पर बातचीत तेजी से आगे बढ़ रही है। उन्होंने बताया कि यह समझौता कनाडा के व्यवसायों और श्रमिकों के लिए नए अवसरों का द्वार खोलेगा। ऊर्जा, कृषि-खाद्य, प्रौद्योगिकी और शिक्षा जैसे क्षेत्रों में दोनों देशों के बीच सहयोग बढ़ाने पर भी चर्चा हुई। उन्होंने यह भी कहा कि अब तक हुई प्रगति से दोनों पक्ष संतुष्ट हैं और प्रक्रिया मिशन मोड में आगे बढ़ रही है।
We’re negotiating a free trade deal with India. This will be a game changer for Canadian workers and businesses — unlocking a massive new market.
We’re working fast — I met Minister @PiyushGoyal to review our progress so far and explore the opportunities ahead for both our… pic.twitter.com/LmiuwQzDmE
— Mark Carney (@MarkJCarney) May 26, 2026
बैठक में यह भी लक्ष्य तय किया गया कि वर्ष 2030 तक भारत और कनाडा के बीच व्यापार को 17 अरब डॉलर से बढ़ाकर 50 अरब डॉलर तक पहुंचाया जाएगा। दोनों देशों ने इस दिशा में तेजी से काम करने की प्रतिबद्धता जताई है। अधिकारियों का मानना है कि यह साझेदारी न केवल आर्थिक रूप से महत्वपूर्ण होगी बल्कि वैश्विक व्यापार में भी दोनों देशों की भूमिका को मजबूत करेगी। इस पहल को भारत-कनाडा संबंधों में एक ऐतिहासिक कदम माना जा रहा है।