बंगाल में भाजपा नेता के PA की हत्या से सियासत गरम, सुवेंदु अधिकारी ने उठाए गंभीर सवाल

पश्चिम बंगाल के मध्यमग्राम में भाजपा नेता सुवेंदु अधिकारी के निजी सहायक चंद्रनाथ रथ की हत्या ने राज्य की राजनीति को हिला दिया है। सुवेंदु अधिकारी ने इस घटना को सुनियोजित साजिश करार देते हुए कहा कि पूरी योजना पहले से तैयार थी और आरोपियों ने 2–3 दिनों तक रेकी की थी। अस्पताल के बाहर मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा कि यह कोई सामान्य अपराध नहीं बल्कि पूर्व नियोजित हत्या है, जिसकी जांच पुलिस द्वारा की जा रही है।
पुलिस जांच में जुटी, कई अहम सुराग मिलने का दावा
सुवेंदु अधिकारी ने दावा किया कि पुलिस को इस मामले में कुछ महत्वपूर्ण सुराग मिले हैं और जांच तेज कर दी गई है। उन्होंने बताया कि केंद्रीय मंत्री सुकांत मजूमदार ने भी परिवार और पुलिस से संपर्क किया है। वहीं, डीजीपी ने इस घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि अपराध में इस्तेमाल की गई चार पहिया गाड़ी बरामद कर ली गई है, हालांकि उसकी नंबर प्लेट नकली होने और उसमें छेड़छाड़ की आशंका जताई जा रही है। घटनास्थल से गोलियों के खोखे भी बरामद किए गए हैं और फॉरेंसिक जांच जारी है।

चश्मदीद ने बताया पूरी वारदात का खौफनाक मंजर
घटना के चश्मदीद ने बताया कि चंद्रनाथ रथ की कार जैसे ही सड़क पर आगे बढ़ी, अचानक उसे बीच रास्ते में रोका गया और एक बाइक सवार हमलावर ने कार पर फायरिंग शुरू कर दी। प्रत्यक्षदर्शी के अनुसार हमलावर काफी प्रशिक्षित लग रहा था और वारदात को अंजाम देने के बाद तुरंत फरार हो गया। गोलियां बेहद करीब से चलाई गईं, जिससे यह साफ लगता है कि पूरी घटना पहले से योजनाबद्ध थी। यह घटना रात करीब 10:30 से 11 बजे के बीच अस्पताल से लगभग 200–300 मीटर की दूरी पर हुई।
लगातार फायरिंग में चली चार गोलियां, ड्राइवर भी घायल
जानकारी के अनुसार चंद्रनाथ रथ पर चलती कार में चार गोलियां चलाई गईं, जिनमें से तीन उन्हें लगीं। हमलावरों ने उनकी कार का पीछा किया और जैसे ही वाहन की गति धीमी हुई, उन्होंने गोलियां चला दीं। कार की बाईं ओर की खिड़की पर गोलियों के निशान साफ देखे जा सकते हैं। इस हमले में कार चालक भी घायल हुआ है। चंद्रनाथ रथ लंबे समय से सुवेंदु अधिकारी के बेहद करीबी सहयोगी माने जाते थे और उनके राजनीतिक कार्यों का प्रबंधन संभालते थे। इस घटना के बाद राज्य में सुरक्षा व्यवस्था और राजनीतिक हालात पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।