ताजा समाचार

Haryana Pension Scheme: हरियाणा में इस बार नहीं बढ़ी बुढापा, विधवा, विकलांगों की पेंशन, जेजेपी ने किया ये बड़ा ऐलान

Satyakhabarindia

 

Haryana Pension Scheme: जेजेपी प्रधान महासचिव दिग्विजय चौटाला ने बीते सवा साल में बुजुर्गों, विधवाओं और विकलांगों को मिलने वाली सामाजिक सुरक्षा पेंशन में कोई बढ़ोतरी ना किए जाने पर राज्य सरकार की कड़ी आलोचना की है।

दिग्विजय चौटाला ने कहा कि जननायक जनता पार्टी के सरकार में हिस्सेदार रहते हुए 4 साल तक हर वर्ष 250 रुपये पेंशन में बढ़वाए गए लेकिन जब से भाजपा अकेले सरकार चला रही है तब से पेंशन में एक रूपये की बढ़ोतरी भी नहीं की गई है।

आईडीएफसी फर्स्ट बैंक घोटाला : पूरे नैटवर्क को कंट्रोल कर रहा था रिभव ऋषि

उन्होंने कहा कि अप्रैल के महीने में पेंशन मे बढ़ोतरी लागू नहीं की गई तो मई में जेजेपी बुजुर्गों, विधवा माताओं-बहनो और विकलांग लोगों के बीच जाकर उनके हस्ताक्षर लेने का अभियान चलाएगी।

दिग्विजय चौटाला ने हैरानी जताई कि बीते वर्ष मार्च में नई सरकार बनने, फिर अक्तूबर में भाजपा की दोबारा सरकार बनने, 2025 नव वर्ष, 2025-26 के बजट सत्र और अब 1 अप्रैल को नए वित्तीय वर्ष की शुरूआत जैसे कई अवसर आने के बावजूद बुजुर्गों, विधवाओं और विकलांगों की पेंशन में कोई बढ़ोतरी करने की भाजपा सरकार सोच ही नहीं रही है।

उन्होंने कहा कि पिछले मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर कहा करते थे कि पेंशन को 3000 रुपये से ज्यादा नहीं बढ़ाएंगे, क्या यही सोच नए मुख्यमंत्री नायब सैणी की है ? उन्होंने कहा कि क्या नायब सैणी को डर है कि पेंशन बढ़ा देने से उनके गुरु मनोहर लाल खट्टर नाराज़ हो जाएंगे ?

सिस्टम से हारी महिला मुख्यमंत्री के सामने बोली, अब जहर पीने के सिवाय कोई रास्ता नहीं

दिग्विजय चौटाला ने कहा कि नायब सैणी खुद को एक साधारण परिवार में जन्मे शख्स बताते हैं, इसलिए उन्हें ये ध्यान रखना चाहिए कि सामाजिक सुरक्षा पेंशन में बढ़ोतरी से फायदा सिर्फ जरूरतमंद आम परिवारों के बुजुर्गेों, विकलांगों और हमारी विधवा माताओं-बहनों को मिलेगा। इससे लाखों परिवारों का जीवन कुछ आसान होगा और चौधरी देवीलाल के इस योजना को शुरू करने के सपने को बल मिलेगा।

दिग्विजय चौटाला ने कहा कि हैरानी की बात यह भी है कि हरियाणा सरकार के किसी मंत्री, विधायक या भाजपा के किसी पदाधिकारी को भी इसकी जरूरत महसूस नहीं होती और विधानसभा या भाजपा की बैठकों में पेंशन पर कोई मांग नहीं उठाता। साथ ही 6000 और 7500 रुपये पेंशन देने का चुनावी वादा करने वाले राजनीतिक दल भी इस बात को बिल्कुल भुलाए बैठे हैं।

दिग्विजय चौटाला ने कहा कि 30 अप्रैल तक अगर पेंशन में अच्छी बढ़ोतरी का अगर फैसला नहीं होता है तो गेहूं की कटाई खत्म होते ही मई में जेजेपी कार्यकर्ता गांव-गांव और शहरों में जाकर पेंशन पाने वाले बुजुर्गों, महिलाओं और विकलांगों से मिलेंगे और उनके पेंशन बढ़ोतरी के मांगपत्र पर हस्ताक्षर लेने का अभियान चलाएंगे और सरकार के खिलाफ आंदोलन कर बुजु्र्गों-महिलाओं-विकलांगों को उनका हक दिलवाएंगे।

कांग्रेस 11 साल में हारी 95 चुनाव, जनादेश का सम्मान करना सीखे : अनिल विज

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button