Bihar Election: क्या भारत ने रोका था इज़राइल का हमला पाकिस्तान पर? दुबे के बयान से मचा बवाल!

Bihar Election: बिहार के कटिहार पहुंचे बीजेपी सांसद निशिकांत दुबे ने कांग्रेस पार्टी पर करारा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने हमेशा वोट बैंक की राजनीति की है और देशहित से ज्यादा अपनी राजनीति को प्राथमिकता दी है। दुबे ने दावा किया कि सीआईए (CIA) के दस्तावेज़ों के अनुसार, जब भारत ने परमाणु परीक्षण किया था, तब तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी पाकिस्तान के साथ यह तकनीक साझा करना चाहती थीं ताकि मुस्लिम वोट बैंक को साधा जा सके। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को लगता है कि जितना “पाकिस्तान ज़िंदाबाद” के नारे लगाएगी, उतना ही उसका वोट बैंक मजबूत होगा।
इंदिरा गांधी ने पाकिस्तान से सहयोग करने का दिया था आदेश – दुबे
कटिहार में मीडिया से बात करते हुए सांसद निशिकांत दुबे ने कहा, “पाकिस्तान ने 1980 में परमाणु बम बनाने की साजिश रचना शुरू कर दी थी। जब यह बात सामने आई, तो इज़राइल भारत के साथ मिलकर पाकिस्तान पर हमला करना चाहता था, लेकिन 1982 में तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने सेना को किसी भी प्रकार की कार्रवाई न करने का निर्देश दिया।” उन्होंने कहा कि “इसी वजह से आज हमारे पड़ोसी देश ने हमें सिरदर्द बनाकर रखा है।”

‘1974 के CIA दस्तावेज़ ने खोला बड़ा राज़’
निशिकांत दुबे ने आगे कहा, “अगर पाकिस्तान परमाणु देश नहीं होता या खुद को तथाकथित न्यूक्लियर स्टेट नहीं कहता, तो आज उसका अस्तित्व ही नहीं होता। वह बर्बाद हो चुका होता। 1974 के एक CIA दस्तावेज़ में यह स्पष्ट रूप से लिखा है कि जब भारत ने परमाणु परीक्षण किया था, तब इंदिरा गांधी पाकिस्तान के साथ यह तकनीक साझा करना चाहती थीं। इसका उद्देश्य केवल वोट बैंक की राजनीति था, न कि देश की सुरक्षा।” उन्होंने कहा कि यह सोच दर्शाती है कि कांग्रेस ने हमेशा देशहित से ऊपर राजनीति को रखा।
‘मुस्लिम वोटों के लिए देश गिरवी रखने की परंपरा कांग्रेस की’
बीजेपी सांसद ने गांधी परिवार पर सीधा हमला बोलते हुए कहा, “कांग्रेस को लगता है कि जितना वह पाकिस्तान का पक्ष लेगी, उतने मुस्लिम वोट उसे मिलेंगे। देश को गिरवी रखकर, समझौते करके और उसकी प्रतिष्ठा को कमजोर करके मुस्लिम वोट हासिल करना गांधी परिवार की पुरानी परंपरा रही है।” उन्होंने कहा कि “इसी सोच का परिणाम है कि आज भारत को एक ऐसा पड़ोसी मिला है, जो कभी सुधरने वाला नहीं। यह कांग्रेस की नीतियों और उनके वोट बैंक की राजनीति का ही दुष्परिणाम है।”