फरीदाबाद के लोगों ने बनाया दीपावली पर वर्ल्ड रिकॉर्ड स्क्रैप से बनाया 15 फीट ऊंचा दीपक
प्रदेश के मंत्रियों विपुल गोयल और राजेश नागर ने किया प्रज्वलन

सत्य खबर पंचकूला
हरियाणा के फरीदाबाद के लोगों ने इस दीपावली पर इतिहास रच दिया है। यहां विश्व का सबसे बड़ा दीपक बनाया गया है, जो वेस्ट टू वेल्यू (कचरे से कृति) की थीम पर आधारित है। 15 फीट ऊंचा यह विशाल दीपक लोहे के स्क्रैप से तैयार किया गया है और इसे फरीदाबाद के सेक्टर-17 लेबर चौक पर स्थापित किया गया है। यह दीपक गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज हो गया है। जिससे फरीदाबाद ने एक नया विश्व रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया है। गिनीज बुक ऑफ़ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज इस दीपक का प्रज्वलन कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल और राज्य मंत्री राजेश नागर ने संयुक्त रूप से किया।

आशादीप की आशा
यह 15 फीट का आशादीप उन मेहनती और कुशल हाथों का परिणाम है, जो फरीदाबाद को सुंदर और आधुनिक बना रहे हैं। ये दीपक कामगारों, पेशेवरों और नागरिकों के योगदान का प्रतीक है। उन्होंने अगली दीपावली तक फरीदाबाद को शिक्षा, स्वच्छता, पर्यावरण और स्मार्ट सेवाओं में सर्वश्रेष्ठ बनाने का संकल्प लिया। यह आयोजन विकसित भारत, हरियाणा और उत्कृष्ट फरीदाबाद के लक्ष्य की ओर एक कदम है। दीपक पुराने घी-तेल के टिनों से बना, जो पर्यावरण संरक्षण का संदेश देता है।
“आत्मनिर्भर भारत” के संदेश का प्रतीक
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने इस मौके पर अपना संदेश भेजकर पहल की सराहना की और कहा कि यह दीपक आत्मनिर्भर भारत के संदेश का प्रतीक है।
ये दीपक संकल्प का प्रतीक
विपुल गोयल ने दीप प्रज्ज्वलन के अवसर पर कहा कि यह आशादीप हमारे उस संकल्प का प्रतीक है जो हर फरीदाबादी के दिल में है कि फरीदाबाद को न सिर्फ हरियाणा में बल्कि पूरे देश में उत्कृष्ट बनाना है, दीपावली का अर्थ सिर्फ घरों की रोशनी नहीं होता बल्कि समाज शहर और देश में नई ऊर्जा नई प्रेरणा और नए अवसरों का प्रकाश फैलाना होता है। कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल ने कहा कि दीपावली अंधकार पर प्रकाश, असत्य पर सत्य और निराशा पर आशा की जीत का पर्व है। ये दीपक फरीदाबाद के संकल्प का प्रतीक है, जो हरियाणा और देश में उत्कृष्टता की पहचान बनेगा। उन्होंने कहा कि दीपावली का अर्थ सिर्फ घरों को रोशन करना नहीं, बल्कि समाज, शहर और देश में नई ऊर्जा फैलाना है। फरीदाबाद की जनता ने इस आयोजन को जनोत्सव बनाया, जो शहर की एकता और उत्साह को दर्शाता है।
समाज में भाईचारा का संदेश
इस अवसर पर दीपोत्सव स्थल पर भजन सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ और दीपदान के माध्यम से समाज में प्रेम भाईचारा और सकारात्मकता का संदेश दिया गया। फरीदाबाद के लोगों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि यह आयोजन न केवल दीपावली का उत्सव है बल्कि अमृतकाल की भावना और नए भारत की आशा का भी प्रतीक है। स्थानीय लोगों ने इस पहल की जमकर तारीफ की। उनका कहना था कि यह आयोजन सिर्फ दीपावली का उत्सव नहीं, बल्कि अमृतकाल और नए भारत की आशा का प्रतीक है। यह दीपक फरीदाबाद की पहचान को नई ऊंचाइयों तक ले गया। शहरवासियों ने इसे अपने संकल्प और एकता का प्रतीक माना, जो फरीदाबाद को विकास के पथ पर आगे ले जाएगा।